राजद विधायक अब्दुल गफूर का निधन, राजकीय सम्मान के साथ होगा अंतिम संस्कार, नीतीश-लालू समेत अन्य नेताओं ने जताया शोक
पटना। महिषी के राजद विधायक सह बिहार सरकार में अल्पसंख्यक कल्याण मंत्री रहे अब्दुल गफूर का दिल्ली स्थित एक अस्पताल में मंगलवार को निधन हो गया। विधायक के निधन से क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई। डॉक्टर अब्दुल गफूर लिवर एवं किडनी के गंभीर बीमारी से ग्रसित थे। उन्हें दिल्ली एम्स के बाद वापस पटना स्थित एक निजी अस्पताल में इलाज के लिए कुछ दिन पहले भर्ती कराया गया था। इसके बाद तेजस्वी यादव के द्वारा उन्हें बसंत कुंज में लिवर अस्पताल एसएलबीएस वसंत कुंज में भर्ती कराया गया था, जहां आज सुबह 6 बजे उन्होंने अंतिम सांस ली। उनके निधन के समय उनके बड़े पुत्र अब्दुल रज्जाक एवं एक दामाद मौजूद थे। वहीं उनकी पत्नी पटना स्थित विधायक आवास पर हैं। उनके परिजन ने बताया उनके पार्थिव शरीर को एयर एंबुलेंस से पटना लाया जाएगा तथा हज हाउस में जनाजे के बाद उनके पैतृक गांव भेलाही लाया जाएगा। जहां विचार-विमर्श के बाद जनाजे की तैयारी की जाएगी।

राजनीतिक एवं सामाजिक क्षेत्र में अपूरणीय क्षति : नीतीश
पूर्व मंत्री अब्दुल गफूर के निधन पर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने गहरी शोक संवेदना व्यक्त करते हुए अपने शोक संदेश में कहा कि वे एक प्रख्यात राजनेता एवं प्रसिद्ध समाजसेवी थे। उनके निधन से राजनीतिक एवं सामाजिक क्षेत्र में अपूरणीय क्षति हुई है। मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि ईश्वर से प्रार्थना है कि वे उन्हें जन्नत में अहम मकाम अता करे और उनके परिवार वालों को इस अपूरणीय क्षति को सहन करने की ताकत दें। साथ ही मुख्यमंत्री ने अब्दुल गफूर का अंतिम संस्कार राजकीय सम्मान के साथ किये जाने की घोषणा की।
राजद ने कहा- हम सब शोकाकुल एवं मर्माहत हैं
पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी, नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव, विधायक तेजप्रताप यादव, राज्यसभा सांसद मीसा भारती ने अब्दुल गफूर के निधन पर गहरी शोक संवेदना व्यक्त की है और अपने शोक संदेश में कहा कि वे राजद एवं सामाजिक न्याय के मजबूत स्तंभ थे। वे संवेदनशील सामाजिक-राजनीतिक कार्यकर्ता एवं राजनेता थे। उनके निधन से पूरा राजद परिवार दुखी, शोकाकुल एवं मर्माहत है। खुदा उनकी आत्मा को चिर शांति दे उन्हें जन्नते फिरदौश आता करे।
लालू ने कहा- गफूर मेरे सुख-दुख के साथी थे
रांची से विधायक भोला यादव ने भी अब्दुल गफूर साहब के निधन पर गहरी शोक संवेदना व्यक्त की है और बताया कि जब इस दुखद सूचना को राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद को दी गई तो वे अत्यंत दुखी हुए और कहा कि अब्दुल गफूर हमारे सुख दुख के साथी रहे। खुदा उन्हें जन्नते फिरदौस अता करे। परिजनों को इस शोक की घड़ी मे शोक सहन की शक्ति दे।
सोशल मीडिया पर भी श्रद्धांजलि देने का लगा है तांता
जैसे ही अब्दुल गफूर के निधन की खबर का पता लोगों को चला। सोशल मीडिया पर उनके फोटो को शेयर करके लोग उनके कर्तव्यनिष्ठा, ईमानदारी की चर्चा करते हुए श्रद्धांजलि दे रहे हैं। उनके निधन पर उनके विरोधी रहे पूर्व विधायक सुरेंद्र यादव ने शोक जताया है।

