मुख्यमंत्री ने आज बुलाई कैबिनेट की बैठक, कई नए प्रस्तावों पर होगा अंतिम निर्णय, लगेगी मुहर
पटना। बिहार सरकार ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की अध्यक्षता में आज एक महत्वपूर्ण कैबिनेट बैठक बुलाई है। यह बैठक कई मायनों में खास मानी जा रही है, क्योंकि इसमें स्वास्थ्य, शिक्षा, कृषि और आर्थिक विकास जैसे सीधे जनता से जुड़े विषयों पर चर्चा और अंतिम निर्णय लिए जाने की संभावना है। बैठक में राज्य सरकार के वरिष्ठ अधिकारी और मंत्रिमंडल के सदस्य मौजूद रहेंगे। सूत्रों के अनुसार, इस बैठक में कई नई योजनाओं को मंजूरी मिलने की उम्मीद है। सरकार का प्रयास है कि जिन क्षेत्रों का सीधा संबंध आम जनता और युवाओं से है, उन्हें प्राथमिकता दी जाए। स्वास्थ्य और शिक्षा जैसे विभागों में सुधार को लेकर विशेष दिशा-निर्देश दिए जा सकते हैं। कृषि और रोजगार से संबंधित प्रस्तावों पर भी चर्चा होने की संभावना जताई जा रही है। यह बैठक इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि इसके पहले हुई कैबिनेट बैठक में सरकार ने कई बड़े और जनहितकारी निर्णय लिए थे। सबसे उल्लेखनीय फैसला सरकारी नौकरी की परीक्षाओं से जुड़ा था। अब प्रारंभिक परीक्षा (पीटी) में उम्मीदवारों को मात्र ₹100 शुल्क देना होगा, जबकि मुख्य परीक्षा पूरी तरह निःशुल्क कर दी गई है। यह कदम बेरोजगार युवाओं के लिए राहत की खबर के रूप में देखा जा रहा है, क्योंकि आवेदन शुल्क का बोझ अब काफी हद तक कम हो जाएगा। पिछली बैठक में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए भी अहम प्रस्तावों को मंजूरी दी गई थी। नालंदा जिले के ऐतिहासिक और धार्मिक स्थल राजगीर में दो पाँच सितारा होटल और वैशाली में एक पाँच सितारा रिसॉर्ट पीपीपी (पब्लिक प्राइवेट पार्टनरशिप) मॉडल पर बनाए जाएंगे। इससे पर्यटन को प्रोत्साहन मिलने के साथ-साथ स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे। बिहार सरकार का मानना है कि पर्यटन क्षेत्र राज्य की अर्थव्यवस्था को मजबूत बनाने में अहम भूमिका निभा सकता है।bकृषि क्षेत्र में गन्ना किसानों और उद्योग के विकास को ध्यान में रखते हुए “बिहार ईख विकास सेवा नियमावली 2025” को मंजूरी दी गई थी। इस निर्णय का उद्देश्य गन्ना उद्योग को अधिक संगठित और पारदर्शी बनाना है। वहीं, शिक्षा विभाग ने भी एक बड़ा निर्णय लिया था। राजकीय शिक्षक पुरस्कार की राशि को दोगुना कर दिया गया है। पहले यह राशि ₹15,000 थी, जिसे बढ़ाकर अब ₹30,000 कर दिया गया है। इससे न केवल शिक्षकों का मनोबल बढ़ेगा बल्कि शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार की दिशा में यह एक सकारात्मक कदम माना जा रहा है। आज होने वाली कैबिनेट बैठक से जनता की उम्मीदें काफी बढ़ गई हैं। स्वास्थ्य, शिक्षा और रोजगार जैसे क्षेत्रों में ठोस निर्णय राज्य के विकास की गति को और तेज कर सकते हैं। पिछले सप्ताह लिए गए फैसलों से स्पष्ट है कि सरकार युवाओं, किसानों और शिक्षा जगत को प्राथमिकता दे रही है। अब देखना यह है कि इस बैठक में कौन-कौन से प्रस्तावों पर मुहर लगती है और आने वाले दिनों में बिहार के विकास की दिशा किस तरह तय होती है।


