तेजप्रताप का जन्मदिन मनाने पहुंचे लालू यादव, परिवार के साथ मनाया 39वां जन्मदिन, पारिवारिक एकता का संदेश
- पिता के साथ केक काटकर जताया अपनापन, समर्थकों ने धूमधाम से मनाया जन्मदिन
- तेजस्वी यादव पर दिया बयान, पारिवारिक समीकरणों को लेकर फिर चर्चा तेज
पटना। बिहार की राजनीति के चर्चित नेता तेज प्रताप यादव का 39वां जन्मदिन गुरुवार को खास अंदाज में मनाया गया। राजधानी के हार्डिंग रोड स्थित उनके आवास पर भव्य आयोजन किया गया, जिसमें समर्थकों और जनशक्ति जनता दल के कार्यकर्ताओं की बड़ी संख्या में भागीदारी रही। कार्यक्रम की रौनक उस समय और बढ़ गई जब उनके पिता एवं राष्ट्रीय जनता दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष लालू प्रसाद यादव वहां पहुंचे। 16 अप्रैल 1988 को जन्मे तेज प्रताप यादव के जन्मदिन के अवसर पर पूरे परिसर को सजाया गया था और समर्थकों में खासा उत्साह देखा गया। जैसे ही लालू प्रसाद यादव कार्यक्रम स्थल पर पहुंचे, कार्यकर्ताओं ने उनका स्वागत किया। इसके बाद तेज प्रताप यादव अपने पिता को मंच तक लेकर गए, जहां दोनों साथ बैठे। इसी दौरान जन्मदिन का केक काटा गया और तेज प्रताप ने पहला टुकड़ा अपने पिता को खिलाकर सम्मान और स्नेह का भाव व्यक्त किया। जवाब में लालू प्रसाद यादव ने भी अपने हाथों से बेटे को केक खिलाया। इस भावनात्मक दृश्य पर उपस्थित लोगों ने तालियां बजाकर खुशी जाहिर की। यह आयोजन ऐसे समय हुआ जब पारिवारिक और राजनीतिक संबंधों को लेकर कई तरह की चर्चाएं पहले से चल रही हैं। गौरतलब है कि पूर्व में कुछ विवादों के कारण लालू प्रसाद यादव ने तेज प्रताप को पार्टी और परिवार से अलग कर दिया था। अनुष्का यादव के साथ उनकी तस्वीर वायरल होने के बाद यह स्थिति उत्पन्न हुई थी। हालांकि समय के साथ पारिवारिक संबंधों में नरमी देखने को मिली है और दोनों के बीच लगातार संपर्क बना हुआ है। परिवार में उनकी माता राबड़ी देवी भी उनसे जुड़ी रहती हैं। इससे पहले 1 जनवरी को राबड़ी देवी के जन्मदिन पर तेज प्रताप यादव उनके आवास पहुंचे थे और उनके साथ केक काटकर समय बिताया था। इसी तरह मकर संक्रांति के अवसर पर भी लालू प्रसाद यादव तेज प्रताप के घर आयोजित चूड़ा-दही भोज में शामिल हुए थे, हालांकि स्वास्थ्य कारणों से उन्होंने भोजन नहीं किया था। जन्मदिन समारोह में एक और अहम पहलू छोटे भाई और नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव की अनुपस्थिति रही। जानकारी के अनुसार, तेज प्रताप यादव ने अपने परिवार के सभी सदस्यों को इस अवसर पर आमंत्रित किया था, लेकिन तेजस्वी यादव कार्यक्रम में शामिल नहीं हो सके। इससे पहले भी कई मौकों पर दोनों भाइयों के बीच दूरी की चर्चा होती रही है। हालांकि यह भी देखा गया है कि पारिवारिक रिश्तों में पूरी तरह दूरी नहीं है। तेजस्वी यादव के बच्चों के जन्मदिन के अवसर पर तेज प्रताप यादव न केवल राबड़ी आवास पहुंचे थे, बल्कि उन्होंने बच्चों के साथ समय बिताया और उसका वीडियो सामाजिक माध्यमों पर साझा किया था। इससे यह संकेत मिलता है कि निजी स्तर पर रिश्ते अभी भी बने हुए हैं, भले ही राजनीतिक मतभेद मौजूद हों। कार्यक्रम के बाद मीडिया से बातचीत में तेज प्रताप यादव ने अपने पिता से मिले आशीर्वाद पर खुशी जाहिर की। उन्होंने कहा कि उनके लिए यह सबसे बड़ा उपहार है। वहीं जब उनसे तेजस्वी यादव के बारे में सवाल किया गया तो उन्होंने तीखी प्रतिक्रिया दी। तेज प्रताप ने कहा कि तेजस्वी अक्सर कहते हैं कि उनकी पार्टी से ही नेता बनते हैं, लेकिन वे खुद चुनाव में सीमित सीटों तक सिमट गए हैं। इस बयान के बाद बिहार की राजनीति में एक बार फिर हलचल बढ़ गई है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि आने वाले समय में यह पारिवारिक और राजनीतिक समीकरण राज्य की राजनीति को प्रभावित कर सकते हैं। फिलहाल तेज प्रताप यादव का जन्मदिन समारोह एक ओर जहां पारिवारिक नजदीकियों का प्रतीक बना, वहीं दूसरी ओर इसने राजनीतिक चर्चाओं को भी नई दिशा दे दी है।


