शहीद दिवस पर मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने अमर शहीदों को किया नमन, सात वीरों की कुर्बानी को किया याद
- शहीद स्मारक परिसर में प्रतिमाओं पर किया माल्यार्पण, बिहार विधानमंडल के शहीद पार्क में अमर ज्योति के समक्ष अर्पित किया पुष्पचक्र
- राजकीय समारोह में उप मुख्यमंत्री समेत मंत्री, विधायक और गणमान्य लोग रहे मौजूद, बिहार गीत और देशभक्ति गीतों से गूंजा शहीद स्मारक परिसर
पटना। शहीद दिवस के अवसर पर मंगलवार को पटना में आयोजित राजकीय समारोह में मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने स्वतंत्रता संग्राम के अमर शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की। मुख्यमंत्री ने शहीद स्मारक परिसर पहुंचकर उन सात अमर शहीदों की कुर्बानी को याद किया, जिन्होंने 11 अगस्त 1942 को देश की आजादी के आंदोलन में अपने प्राण न्योछावर कर दिए थे। उन्होंने शहीदों की प्रतिमाओं पर माल्यार्पण कर उन्हें शत-शत नमन किया और भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की।11 अगस्त 1942 का दिन बिहार के स्वतंत्रता आंदोलन के इतिहास में महत्वपूर्ण स्थान रखता है। भारत छोड़ो आंदोलन के दौरान पटना में अंग्रेजी शासन के खिलाफ आंदोलन तेज हुआ था। इसी दौरान उमाकांत प्रसाद सिंह, रामानंद सिंह, सतीश प्रसाद झा, जगतपति कुमार, देवीपद चौधरी, राजेंद्र सिंह और राम गोविंद सिंह ने देश की आजादी के लिए अपने प्राणों की आहुति दी थी। शहीद दिवस के अवसर पर इन सातों अमर शहीदों की वीरता और बलिदान को विशेष रूप से याद किया गया। राजकीय समारोह के दौरान मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने शहीद स्मारक परिसर में स्थित अमर शहीदों की प्रतिमाओं पर पुष्प अर्पित किए। उन्होंने स्वतंत्रता संग्राम में बिहार के योगदान और शहीदों के बलिदान को स्मरण करते हुए श्रद्धांजलि दी। इसके बाद मुख्यमंत्री सहित राज्य सरकार के मंत्री, विधायक और अन्य गणमान्य लोग बिहार विधानमंडल परिसर स्थित शहीद पार्क पहुंचे। यहां अमर ज्योति के समक्ष पुष्पचक्र अर्पित कर स्वतंत्रता संग्राम के सभी अमर शहीदों को नमन किया गया। समारोह में उप मुख्यमंत्री बिजेंद्र प्रसाद यादव, बिहार विधान परिषद के सभापति अवधेश नारायण सिंह, बिहार विधानसभा के उपाध्यक्ष नरेंद्र नारायण यादव सहित कई मंत्री और जनप्रतिनिधि मौजूद रहे। भवन निर्माण मंत्री लेसी सिंह, खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री अशोक चौधरी, विज्ञान, प्रौद्योगिकी एवं तकनीकी शिक्षा मंत्री शीला कुमारी, सहकारिता मंत्री रामकृपाल यादव और विधायक श्याम रजक सहित अन्य जनप्रतिनिधियों ने भी शहीद स्मारक परिसर पहुंचकर अमर शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की। समारोह में प्रशासनिक अधिकारियों और शहीदों के परिजनों की भी उपस्थिति रही। मुख्यमंत्री के सचिव संजय कुमार सिंह, पटना प्रमंडल के आयुक्त मयंक वरवड़े, जिलाधिकारी कुंदन कुमार और वरीय पुलिस अधीक्षक कार्तिकेय के. शर्मा सहित कई अधिकारी कार्यक्रम में शामिल हुए। अमर शहीदों के परिजनों और अन्य गणमान्य लोगों ने भी शहीदों की प्रतिमाओं पर माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्धांजलि दी। शहीद दिवस के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में देशभक्ति का माहौल भी देखने को मिला। सूचना एवं जनसंपर्क विभाग के कलाकारों ने बिहार गीत और देशभक्ति गीतों की प्रस्तुति दी। गीतों के माध्यम से स्वतंत्रता आंदोलन के शहीदों के त्याग और बलिदान को याद किया गया। कार्यक्रम में मौजूद लोगों ने भी अमर शहीदों के प्रति सम्मान प्रकट किया। 11 अगस्त को मनाया जाने वाला शहीद दिवस बिहार के स्वतंत्रता आंदोलन की उस गौरवशाली विरासत की याद दिलाता है, जिसमें युवाओं और आम लोगों ने अंग्रेजी शासन के खिलाफ संघर्ष किया था। पटना स्थित शहीद स्मारक आज भी उन सात युवाओं के बलिदान का प्रतीक है, जिन्होंने तिरंगा फहराने और देश को स्वतंत्र कराने के संकल्प के लिए अपने प्राणों की आहुति दी थी। समारोह के माध्यम से नई पीढ़ी को भी स्वतंत्रता संग्राम के इतिहास और शहीदों के योगदान से परिचित कराने का संदेश दिया गया। मुख्यमंत्री समेत मौजूद जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों ने अमर शहीदों के बलिदान को नमन करते हुए देश के प्रति उनके समर्पण को याद किया। शहीद दिवस पर आयोजित कार्यक्रम ने एक बार फिर बिहार के स्वतंत्रता आंदोलन में दिए गए योगदान और अमर शहीदों की गौरवपूर्ण विरासत को सामने रखा।


