CM नीतीश ने कहा- जाति आधारित जनगणना जरूर होनी चाहिए, अवैध बालू खनन मामले में पूरी छानबीन हो रही
पटना। बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने शनिवार को मुख्यमंत्री सचिवालय स्थित संवाद के सामने आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ग्राम परिवहन योजना के अंतर्गत 350 एम्बुलेंस लाभुकों को सौंपने के साथ-साथ पटना में 50 सीएनजी बसों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।
केंद्र से करेंगे आग्रह, जाति आधारित जनगणना जरूर हो
कार्यक्रम के पश्चात पत्रकारों से बातचीत के दौरान केंद्र सरकार द्वारा जाति आधारित जनगणना नहीं कराये जाने को लेकर पूछ गये सवाल का जवाब देते हुए करते हुए सीएम नीतीश ने कहा कि जाति आधारित जनगणना कराने को लेकर फरवरी 2019 और 2020 में विधानसभा से सर्वसम्मति से प्रस्ताव पारित कर केंद्र सरकार को भेजा गया था। वर्ष 1990 से ही हमलोग इसको लेकर विचार व्यक्त करते रहे हैं। जाति आधारित जनगणना होनी चाहिए, इसको लेकर पहले भी कई बार अपनी बातों को रख चुके हैं। केंद्र सरकार से आग्रह करेंगे कि एक बार जाति आधारित जनगणना जरूर करनी चाहिए, जाति जनगणना 2010 के बाद कराई गयी थी। 2013 में उसकी रिपोर्ट आई लेकिन उसे प्रकाशित नहीं किया गया। उन्होंने कहा कि किस इलाके में किस जाति की कितनी संख्या है, इसको लेकर एक बार जाति आधारित जनगणना जरूर होनी चाहिए। एससी-एसटी के अलावे गरीब गुरबा को भी इससे लाभ मिल सके और पता चल सके कि उनकी सही मायने में संख्या कितनी है। जब संख्या का पता चलेगा तो उनके कल्याण के लिए ठीक ढंग से काम हो सकेगा। पार्लियामेंट में बताया गया है कि अब जाति आधारित जनगणना नहीं होगी। हम आग्रह करेंगे कि इस पर गौर करें पहले भी हमने इस पर न सिर्फ बात की है बल्कि इसको लेकर प्रस्ताव भी भेजा है। हमलोगों की इच्छा है कि जाति आधारित जनगणना होनी चाहिए, यह सबके हित में है।
अवैध बालू खनन में पूरी कार्रवाई हो रही
वहीं अवैध बालू खनन जुड़े सवाल का जवाब देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि इसको लेकर पूरी कार्रवाई हो रही है। इसकी जांच कर वैसे सरकारी अधिकारियों जिनकी इसमें भूमिका रही है, उन पर भी कार्रवाई की जा रही है। विभाग और पुलिस की तरफ से भी इस मामले में पूरी छानबीन की जा रही है। वैसे तो हम बराबर कहते रहे हैं कि कुछ न कुछ गड़बड़ करने वाले लोग हमेशा रहते हैं। आप कितना भी अच्छा करें, कुछ न कुछ गड़बड़ मानसिकता के लोग हमेशा गड़बड़ी करते हैं। इसके समाधान को लेकर काम किया जा रहा है। हमलोगों का प्रयास है कि किसी प्रकार की कोई गड़बड़ी नहीं हो, सभी जिलों के जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक ऐसी चीजों पर नजर रख रहे हैं। गड़बड़ी करने वालों को डिटेक्ट कर उन पर कार्रवाई की जा रही है।
फोन टैपिंग मसले पर क्या बोले
फोन टैपिंग से जुड़े सवाल पर सीएम नीतीश ने कहा कि जो नई तकनीक आई है उससे एक तरफ लाभ है तो दूसरी तरफ उसका दुरुपयोग भी होता है। इस पर निश्चित रूप से कार्रवाई होनी चाहिए। केंद्र सरकार ने भी कहा है कि जो गलत चीज है उस पर एक्शन चाहिए।
अचानक आक्सीजन की काफी मात्रा में जरूरत पड़ी
आक्सीजन की कमी से जुड़े सवाल पर मुख्यमंत्री ने कहा कि कोरोना की दूसरी लहर में अचानक आक्सीजन की काफी मात्रा में जरूरत पड़ी, उसका हर तरह से समाधान किया गया। उन्होंने कहा कि ऐसी तैयारी की जा रही है कि कोरोना समेत सभी बीमारियों के लिए कभी भी आक्सीजन की कमी न हो। सभी अस्पतालों में इसकी पूरी व्यवस्था की जा रही है।


