बिहार में मौसम का बदला मिजाज, पूरवा से राहत के बाद पछुआ से बढ़ेगी भीषण गर्मी
- सीमांचल के जिलों में गरज-चमक और आंधी के साथ हल्की बारिश के आसार
- 19 अप्रैल से पछुआ हवा के तेज होने की संभावना, तापमान में होगी तेज वृद्धि
पटना। बिहार में इन दिनों मौसम लगातार करवट ले रहा है, जिससे लोगों को कभी राहत तो कभी गर्मी का सामना करना पड़ रहा है। गुरुवार को राज्य में मौसम का दोहरा स्वरूप देखने को मिला, जहां एक ओर पूरवा हवा के प्रभाव से अधिकांश जिलों में तापमान में गिरावट दर्ज की गई, वहीं दूसरी ओर दक्षिण बिहार के कुछ जिलों में पछुआ हवा के कारण तापमान 40 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच गया। मौसम विभाग के अनुसार, शुक्रवार और शनिवार को सीमांचल क्षेत्र के जिलों अररिया, कटिहार, किशनगंज और पूर्णिया के एक-दो स्थानों पर गरज-चमक, तेज हवा और आंधी के साथ हल्की वर्षा होने की संभावना है। इससे इन क्षेत्रों में अस्थायी रूप से तापमान में कमी आ सकती है और लोगों को गर्मी से थोड़ी राहत मिलेगी। पूरवा हवा के अचानक सक्रिय होने से राज्य के अधिकांश शहरों के अधिकतम तापमान में 5.4 डिग्री सेल्सियस तक की गिरावट दर्ज की गई। वहीं न्यूनतम तापमान में 4.3 डिग्री सेल्सियस तक की वृद्धि हुई, जिससे रात में उमस का एहसास बढ़ गया। राज्य का अधिकतम तापमान 29.1 से 41.6 डिग्री सेल्सियस के बीच रहा, जबकि न्यूनतम तापमान 20.5 से 26.2 डिग्री सेल्सियस के बीच दर्ज किया गया। दक्षिण बिहार के रोहतास, भभुआ और औरंगाबाद जिलों में पछुआ हवा के प्रभाव से भीषण गर्मी देखने को मिली। रोहतास के डेहरी में अधिकतम तापमान 41.6 डिग्री सेल्सियस, भभुआ में 41.5 डिग्री और औरंगाबाद में 40.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। इसके विपरीत, अन्य 35 जिलों में पूरवा हवा के कारण तापमान 40 डिग्री सेल्सियस से नीचे बना रहा। कुछ स्थानों पर तो तापमान 29.1 डिग्री सेल्सियस तक भी दर्ज किया गया, जो अपेक्षाकृत काफी कम है। राजधानी पटना में भी पूरवा हवा का स्पष्ट प्रभाव देखने को मिला। यहां अधिकतम तापमान में 4.9 डिग्री सेल्सियस की गिरावट आई, जबकि न्यूनतम तापमान में 2.6 डिग्री सेल्सियस की वृद्धि दर्ज की गई। पटना का अधिकतम तापमान 34.0 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 25.4 डिग्री सेल्सियस रहा। मौसम विभाग के अनुसार, फिलहाल पटना के तापमान में विशेष बदलाव की संभावना नहीं है, लेकिन रविवार से यहां भी तापमान में वृद्धि शुरू हो सकती है। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि आगामी 19 अप्रैल से राज्य में पछुआ हवा का प्रवाह तेज होने की संभावना है। पछुआ हवा के प्रभाव से दिन के तापमान में क्रमिक वृद्धि होगी और पूरे राज्य में भीषण गर्मी का दौर शुरू हो सकता है। हालांकि शुक्रवार और शनिवार को कुछ क्षेत्रों में पूरवा और पछुआ दोनों हवाओं का मिश्रित प्रभाव देखने को मिलेगा, जिससे तापमान में अधिक उतार-चढ़ाव नहीं होगा। विशेषज्ञों के अनुसार, जहां पूरवा हवा का प्रभाव रहेगा, वहां तापमान अपेक्षाकृत स्थिर रहेगा और लोगों को कुछ राहत मिलेगी। लेकिन जैसे ही पछुआ हवा का प्रभाव बढ़ेगा, तापमान तेजी से बढ़ेगा और गर्मी का असर अधिक महसूस होगा। इससे लोगों को लू और गर्म हवाओं का सामना करना पड़ सकता है। गौरतलब है कि बुधवार को भी पछुआ हवा के प्रभाव से कई जिलों में तापमान 42 डिग्री सेल्सियस के करीब पहुंच गया था, जिससे लोगों को भीषण गर्मी का सामना करना पड़ा था। हालांकि गुरुवार को पूरवा हवा के चलते तापमान में गिरावट आई और लोगों को राहत मिली, लेकिन यह राहत ज्यादा दिन टिकने वाली नहीं है। बिहार में मौसम की यह बदलती स्थिति लोगों के लिए चुनौतीपूर्ण बनी हुई है। एक ओर जहां कुछ क्षेत्रों में बारिश और ठंडी हवाएं राहत दे रही हैं, वहीं दूसरी ओर पछुआ हवा के प्रभाव से आने वाले दिनों में भीषण गर्मी का प्रकोप बढ़ने की आशंका है। ऐसे में लोगों को सावधानी बरतने और मौसम के अनुसार अपनी दिनचर्या में बदलाव करने की आवश्यकता है।


