बिहार में भीषण गर्मी का कहर, कई जिलों में तापमान 41 डिग्री के पार

  • रोहतास का डेहरी सबसे गर्म, पटना सहित दक्षिण और मध्य बिहार में लू की चेतावनी
  • सीमांचल में हल्की बारिश के आसार, लेकिन अधिकांश क्षेत्रों में मौसम रहेगा शुष्क

पटना। बिहार में गर्मी का प्रकोप लगातार बढ़ता जा रहा है और आने वाले दिनों में लोगों को भीषण गर्मी का सामना करना पड़ सकता है। मौसम विभाग के अनुसार राज्य में अगले दो से तीन दिनों तक तापमान में किसी बड़े बदलाव की संभावना नहीं है, जिससे गर्मी का असर और अधिक महसूस किया जाएगा। बुधवार को राज्य के कई जिलों में तापमान 41 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच गया। डेहरी (रोहतास) में सर्वाधिक अधिकतम तापमान 41.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो राज्य में सबसे अधिक रहा। वहीं वैशाली में न्यूनतम तापमान 19.9 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जो अपेक्षाकृत कम रहा। राजधानी पटना में भी गर्मी का असर तेजी से बढ़ रहा है। बुधवार को यहां अधिकतम तापमान 1.2 डिग्री की वृद्धि के साथ 38.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। इससे पहले मंगलवार को भी तापमान में 0.4 डिग्री की बढ़ोतरी हुई थी और यह 37.7 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया था। लगातार बढ़ते तापमान और तेज धूप के कारण दिन के समय सड़कों पर सन्नाटा देखने को मिल रहा है और लोग केवल आवश्यक कार्यों के लिए ही घरों से बाहर निकल रहे हैं। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि उत्तर-पूर्वी बिहार को छोड़कर राज्य के अधिकांश हिस्सों में मौसम शुष्क बना रहेगा। अगले कुछ दिनों तक अधिकतम और न्यूनतम तापमान में विशेष बदलाव की संभावना नहीं है, जिससे गर्मी से राहत मिलने की उम्मीद कम है। हालांकि, उत्तर-पूर्वी बिहार, विशेष रूप से सीमांचल क्षेत्र के लिए थोड़ी राहत की संभावना जताई गई है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग के अनुसार 17 से 19 अप्रैल के बीच अररिया, किशनगंज, पूर्णिया और कटिहार जिलों में हल्की बारिश या बूंदाबांदी हो सकती है। इससे इन क्षेत्रों में तापमान में मामूली गिरावट आ सकती है, लेकिन यह राहत सीमित क्षेत्रों तक ही रहने की संभावना है। 16 अप्रैल को राज्य के अधिकांश हिस्सों में मौसम पूरी तरह शुष्क रहने की संभावना जताई गई है। इसके साथ ही विभाग ने चेतावनी दी है कि 18 अप्रैल से गर्मी और अधिक तेज हो सकती है। दक्षिण और मध्य बिहार के कई जिलों में लू चलने की प्रबल आशंका व्यक्त की गई है। इनमें बक्सर, रोहतास, कैमूर, भोजपुर, औरंगाबाद, गया और पटना शामिल हैं। इन क्षेत्रों के लिए मौसम विभाग ने ‘पीला सतर्कता संकेत’ जारी किया है, जो संभावित खतरे की ओर इशारा करता है। विशेषज्ञों के अनुसार इन जिलों में तापमान सामान्य से काफी अधिक हो सकता है, जिससे लू लगने और हीट स्ट्रोक का खतरा बढ़ जाएगा। ऐसे में लोगों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने सलाह दी है कि दोपहर के समय घर से बाहर निकलने से बचें, पर्याप्त मात्रा में पानी पीते रहें और हल्के व ढीले कपड़े पहनें। गर्मी के इस बढ़ते प्रभाव का असर जनजीवन पर साफ दिखाई दे रहा है। बाजारों में भीड़ कम हो गई है और लोग दिन के समय घरों में ही रहने को मजबूर हैं। वहीं, मजदूरों और किसानों के लिए यह स्थिति और अधिक चुनौतीपूर्ण हो गई है। बिहार में फिलहाल गर्मी से राहत मिलने के आसार कम हैं। सीमांचल क्षेत्र में हल्की बारिश के बावजूद राज्य के अधिकांश हिस्सों में भीषण गर्मी का दौर जारी रहेगा। ऐसे में लोगों को सतर्क रहकर अपनी सेहत का विशेष ध्यान रखने की आवश्यकता है।