नौतपा की तपिश से झुलसेगा देश, कई राज्यों में 48 डिग्री तक पहुंच सकता है तापमान
- 25 मई से शुरू हुआ नौतपा, उत्तर और पश्चिम भारत में लू का कहर तेज होने की आशंका
- 28 मई के बाद पश्चिमी विक्षोभ से मिल सकती है राहत, कई राज्यों में आंधी और बारिश का अनुमान
नई दिल्ली। देशभर में भीषण गर्मी का दौर लगातार तेज होता जा रहा है और इसी बीच रविवार 25 मई से नौतपा की शुरुआत हो गई है। हिंदू पंचांग के अनुसार नौतपा के नौ दिन वर्ष के सबसे गर्म दिनों में माने जाते हैं। यह अवधि 2 जून तक जारी रहेगी। मान्यता है कि इस दौरान सूर्य रोहिणी नक्षत्र में प्रवेश करते हैं और पृथ्वी के अधिक निकट होने के कारण तापमान में तेज बढ़ोतरी होती है। मौसम विभाग ने भी चेतावनी दी है कि आने वाले दिनों में उत्तर और पश्चिम भारत के कई हिस्सों में तापमान 48 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है। भारत मौसम विज्ञान विभाग के अनुसार अगले सात दिनों तक उत्तर-पश्चिम और मध्य भारत में लू से लेकर भीषण लू जैसी स्थिति बनी रह सकती है। दिल्ली, राजस्थान, पंजाब, हरियाणा और उत्तर प्रदेश के कई इलाकों में गर्म हवाओं का असर सबसे अधिक देखने को मिलेगा। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि तेज धूप और गर्म पछुआ हवाओं के कारण लोगों को दिन के समय घर से बाहर निकलने में भारी परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। राजधानी दिल्ली में रविवार को अधिकतम तापमान 46 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। मौसम विभाग ने कहा है कि 28 मई तक लोगों को गर्मी से राहत मिलने की संभावना बहुत कम है। हालांकि इसके बाद हल्की बारिश और पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से तापमान में 6 से 7 डिग्री सेल्सियस तक गिरावट आ सकती है। विभाग ने यह भी बताया कि 25 मई को दिल्ली में आंशिक बादल छाए रहने की संभावना है, लेकिन उमस और गर्मी का असर बना रहेगा। राजस्थान और पूर्वी उत्तर प्रदेश के कई जिलों में तापमान 47 से 48 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने की संभावना जताई गई है। उत्तर प्रदेश के बांदा में रविवार को अधिकतम तापमान 46.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से काफी अधिक रहा। वहीं राजधानी लखनऊ में तापमान 42.6 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। मौसम विभाग ने लोगों को दोपहर के समय विशेष सतर्कता बरतने की सलाह दी है। महाराष्ट्र के विदर्भ क्षेत्र का ब्रह्मपुरी रविवार को देश का सबसे गर्म स्थान रहा, जहां अधिकतम तापमान 47.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। इसके अलावा मध्य प्रदेश, गुजरात और छत्तीसगढ़ के कई हिस्सों में भी लू का असर लगातार बढ़ रहा है। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि नौतपा के शुरुआती दिनों में तापमान सामान्य से अधिक बना रहेगा। हालांकि देश के सभी हिस्सों में मौसम एक जैसा नहीं रहेगा। मौसम विभाग के अनुसार बिहार, झारखंड और ओडिशा में मौसम करवट ले सकता है। इन राज्यों में हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है। झारखंड और ओडिशा में कई स्थानों पर गरज-चमक के साथ बारिश हो सकती है। बिहार के कुछ हिस्सों में भी बादल छाने और तेज हवाएं चलने का अनुमान जताया गया है। पूर्वोत्तर भारत के राज्यों असम, मेघालय, नागालैंड, मिजोरम, त्रिपुरा और अरुणाचल प्रदेश में भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है। मौसम विभाग के मुताबिक इन इलाकों में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। पश्चिम बंगाल और सिक्किम में भी भारी वर्षा का अनुमान है। दक्षिण भारत में भी मौसम का मिजाज बदला हुआ दिखाई देगा। तमिलनाडु, केरल, पुडुचेरी और कर्नाटक के कई हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश की संभावना जताई गई है। आंध्र प्रदेश के रायलसीमा क्षेत्र और तेलंगाना में भी बादल छाए रहने और कई जगहों पर बारिश होने की संभावना है। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि बंगाल की खाड़ी से आने वाली नमी के कारण दक्षिणी राज्यों में मौसम अपेक्षाकृत राहतभरा रह सकता है। मौसम विभाग ने 28 से 30 मई के बीच तेज आंधी और बारिश की चेतावनी भी जारी की है। विभाग के अनुसार एक नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने वाला है, जिससे उत्तर भारत के कई हिस्सों में तेज हवाएं चल सकती हैं और हल्की बारिश होने की संभावना है। इससे तापमान में कुछ गिरावट दर्ज की जा सकती है और लोगों को गर्मी से आंशिक राहत मिलने की उम्मीद है। विशेषज्ञों ने लोगों को दोपहर 12 बजे से शाम 4 बजे तक अनावश्यक रूप से घर से बाहर नहीं निकलने की सलाह दी है। पर्याप्त मात्रा में पानी पीने, हल्के सूती कपड़े पहनने और धूप से बचाव करने की अपील की गई है। डॉक्टरों ने भी बच्चों, बुजुर्गों और बीमार लोगों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी है, क्योंकि भीषण गर्मी और लू स्वास्थ्य के लिए गंभीर खतरा बन सकती है।


