बिहार में भीषण गर्मी और लू का कहर, कई जिलों में स्कूल बंद, वज्रपात से तीन की मौत
- रोहतास के डेहरी में पारा 45 डिग्री के करीब, 14 जिलों में लू को लेकर रेड अलर्ट जारी
- आंधी-बारिश और वज्रपात से उत्तर बिहार में तबाही, दरभंगा के स्वास्थ्य केंद्र में गिरी छत
पटना। बिहार इस समय भीषण गर्मी और लू की चपेट में है। राज्य के अधिकांश जिलों में तापमान लगातार बढ़ रहा है और लोगों का जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हो रहा है। गुरुवार को बिहार के 10 जिलों में तापमान 40 डिग्री सेल्सियस से अधिक दर्ज किया गया। सबसे अधिक गर्मी रोहतास जिले के डेहरी में रही, जहां तापमान 44.6 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। वहीं कैमूर में 44.4 डिग्री तापमान दर्ज किया गया। लगातार बढ़ती गर्मी और लू की स्थिति को देखते हुए कई जिलों में स्कूल बंद कर दिए गए हैं। गयाजी और जहानाबाद में पांचवीं कक्षा तक के सभी स्कूलों को बंद करने का आदेश जारी किया गया है। वहीं छठी से आठवीं कक्षा तक की पढ़ाई केवल सुबह 11 बजे तक कराने का निर्देश दिया गया है। राजधानी पटना में भी 26 मई तक पांचवीं कक्षा तक के सभी विद्यालय बंद रखने का फैसला लिया गया है। औरंगाबाद में भीषण गर्मी को देखते हुए आठवीं कक्षा तक के स्कूल बंद कर दिए गए हैं, जबकि नौवीं से बारहवीं तक की कक्षाएं सुबह 11:30 बजे तक ही संचालित होंगी। जिला प्रशासन ने लोगों से सतर्क रहने और दोपहर में बाहर नहीं निकलने की अपील की है। मौसम विभाग ने राज्य के 14 जिलों में लू को लेकर रेड अलर्ट जारी किया है। विभाग के अनुसार दोपहर के समय गर्म हवाएं चलने की संभावना है और तापमान में और वृद्धि हो सकती है। लोगों से कहा गया है कि अत्यंत जरूरी होने पर ही घर से बाहर निकलें। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि पश्चिमी और दक्षिण-पश्चिमी दिशा से आ रही गर्म और शुष्क पछुआ हवाओं के कारण बिहार के दक्षिणी हिस्सों में तापमान तेजी से बढ़ रहा है। राजस्थान, मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश के गर्म इलाकों का असर सीधे बिहार पर पड़ रहा है। एक ओर जहां दक्षिण बिहार भीषण गर्मी से झुलस रहा है, वहीं उत्तर और पूर्वी बिहार के कुछ हिस्सों में मौसम ने अलग रूप दिखाया। सहरसा, बेगूसराय, सुपौल और मधुबनी समेत कई जिलों में तेज हवा के साथ बारिश हुई। कुछ इलाकों में काले बादल छा जाने से दिन में अंधेरा जैसा माहौल हो गया। हालांकि बारिश और आंधी के बीच कई जगहों पर वज्रपात की घटनाएं भी हुईं, जिनमें तीन लोगों की मौत हो गई। मधेपुरा जिले के बिहारीगंज थाना क्षेत्र की लक्ष्मीपुर लालचंद पंचायत में आकाशीय बिजली गिरने से दो युवकों की मौत हो गई, जबकि पांच लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। मृतकों की पहचान 22 वर्षीय रंजीत राम और पिंटू राम के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार सभी युवक खेत के पास मक्का सुखा रहे थे। इसी दौरान अचानक मौसम बदला और तेज गर्जना के साथ बिजली गिर गई। घटना में आसपास मौजूद अन्य लोग भी झुलस गए, जिनका इलाज स्थानीय स्तर पर कराया जा रहा है। सहरसा जिले में भी वज्रपात की घटना में एक किसान की जान चली गई, जबकि पांच लोग घायल बताए जा रहे हैं। लगातार हो रही इन घटनाओं ने ग्रामीण इलाकों में डर का माहौल पैदा कर दिया है। दरभंगा जिले में आंधी और बारिश के दौरान गंगवाड़ा स्थित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में बड़ा हादसा हो गया। तेज तूफान के कारण भवन की फॉल्स सीलिंग कई जगहों से गिर गई और दीवारें भी हिलने लगीं। हादसे के दौरान एक सहायक नर्स को हल्की चोट आई। घटना के बाद अस्पताल में अफरा-तफरी मच गई और डॉक्टर, नर्स, स्वास्थ्यकर्मी तथा मरीज जान बचाने के लिए भवन से बाहर निकल गए। लगभग 50 स्वास्थ्यकर्मियों ने किसी तरह बाहर निकलकर अपनी जान बचाई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार स्थिति इतनी भयावह थी कि लोगों को भूकंप जैसा महसूस होने लगा। यह स्वास्थ्य केंद्र पहले पुराने जर्जर भवन में संचालित होता था, लेकिन बेहतर सुविधाओं के लिए लगभग एक वर्ष पहले इसे नए फैब्रिक भवन में स्थानांतरित किया गया था। मौसम विभाग का कहना है कि आने वाले कुछ दिनों तक यही स्थिति बनी रह सकती है। दक्षिण बिहार में भीषण गर्मी और लू का असर जारी रहेगा, जबकि सीमांचल और उत्तर-पूर्वी बिहार में हल्की बारिश और बादल छाने की संभावना बनी रहेगी। विभाग ने लोगों से पर्याप्त पानी पीने, धूप से बचने और दोपहर 12 बजे से शाम 4 बजे तक घर से बाहर नहीं निकलने की सलाह दी है।


