वित्त मंत्री की अध्यक्षता में जीएसटी काउंसिल 53वीं की बैठक 22 जून को, जुलाई में आएगा आम बजट

नई दिल्ली। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण की अध्यक्षता में जीएसटी काउंसिल की 53वीं बैठक 22 जून को नई दिल्ली में आयोजित की जाएगी। जीएसटी काउंसिल सचिवालय ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर इस बात की जानकारी दी। हालांकि, बैठक के एजेंडे की जानकारी अभी काउंसिल के सदस्यों को नहीं दी गई है। यह बैठक लोकसभा चुनाव के बाद काउंसिल की पहली बैठक होगी। इससे पहले जीएसटी काउंसिल की 52वीं बैठक 7 अक्टूबर 2023 को आयोजित की गई थी, जिसमें सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के वित्त मंत्री शामिल हुए थे। मई माह में देश का ग्रॉस जीएसटी कलेक्शन 10 प्रतिशत बढ़कर 1.73 लाख करोड़ रुपये हो गया। इस वृद्धि का मुख्य कारण घरेलू लेनदेन से राजस्व में मजबूत वृद्धि (15.3 प्रतिशत) है, जबकि आयात में कमी (4.3 प्रतिशत की गिरावट) देखने को मिली है। नई सरकार बनने के बाद अब केंद्रीय बजट 2024-25 की तैयारी भी शुरू हो गई है। केंद्रीय बजट जुलाई के तीसरे सप्ताह तक संसद में पेश किये जाने की संभावना है, यानी 21 जुलाई तक आम बजट पेश हो सकता है। यह बजट वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण पेश करेंगी, जिन्हें एक बार फिर वित्त मंत्रालय की जिम्मेदारी सौंपी गई है। सीतारमण के आर्थिक एजेंडे में भारत को पांच लाख करोड़ डॉलर की अर्थव्यवस्था बनाने और वर्ष 2047 तक देश को ‘विकसित भारत’ में बदलने के लिए सुधारों को तेज करने के कदम शामिल होंगे। नई सरकार को राजकोषीय विवेक के साथ एक मजबूत अर्थव्यवस्था विरासत में मिली है। हाल ही में सरकार को रिजर्व बैंक से वित्त वर्ष 2023-24 के लिए लाभांश के तौर पर 2.11 लाख करोड़ रुपये मिले हैं, जो उसकी राजकोषीय स्थिति के लिए मददगार साबित हो सकते हैं। नई सरकार के पहले बजट में आर्थिक सुधारों को गति देने और देश को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में कई महत्वपूर्ण कदम उठाए जा सकते हैं। बजट में इंफ्रास्ट्रक्चर, स्वास्थ्य, शिक्षा और कृषि जैसे प्रमुख क्षेत्रों में निवेश को बढ़ावा देने के उपायों की घोषणा की जा सकती है। इसके अतिरिक्त, जीएसटी काउंसिल की बैठक में विभिन्न राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के वित्त मंत्रियों द्वारा जीएसटी दरों और अन्य संबंधित मुद्दों पर चर्चा होने की संभावना है। यह बैठक इस मायने में महत्वपूर्ण होगी क्योंकि इसमें नए आर्थिक एजेंडे और नीतियों पर विचार-विमर्श किया जाएगा, जो देश की आर्थिक दिशा को निर्धारित करेगा। जीएसटी काउंसिल की इस बैठक से यह उम्मीद की जा रही है कि इसमें व्यापारियों और उद्योगों के लिए महत्वपूर्ण निर्णय लिए जाएंगे, जिससे जीएसटी प्रणाली को और अधिक सरल और प्रभावी बनाया जा सके। इस प्रकार, जीएसटी काउंसिल की 22 जून को होने वाली बैठक और जुलाई में प्रस्तुत होने वाला आम बजट देश की आर्थिक स्थिति और भविष्य की दिशा के लिए महत्वपूर्ण साबित होंगे।

About Post Author

You may have missed