कंकड़बाग में कबाड़ी दुकान में भीषण आग, धमाकों से दहला इलाका

  • गाड़ियों की टंकियों में विस्फोट से मची अफरा-तफरी, लोग घरों और दुकानों से बाहर निकले
  • छह दमकल वाहनों की मदद से डेढ़ घंटे बाद आग पर पाया गया काबू, लाखों के नुकसान की आशंका

पटना। राजधानी पटना के कंकड़बाग थाना क्षेत्र स्थित कॉलोनी मोड़ के पास बुधवार देर रात उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब कबाड़ी गली में स्थित एक कबाड़ी दुकान में भीषण आग लग गई। आग इतनी तेजी से फैली कि कुछ ही देर में पूरा इलाका धुएं और आग की लपटों से घिर गया। घटना के दौरान लगातार हो रहे धमाकों से आसपास के लोगों में दहशत फैल गई और लोग अपने घरों तथा दुकानों से बाहर निकल आए। देर रात हुई इस घटना ने इलाके में भय और चिंता का माहौल पैदा कर दिया। स्थानीय लोगों के अनुसार आग लगने के बाद दुकान में रखी पुरानी गाड़ियों की टंकियां एक-एक कर फटने लगीं। विस्फोट की तेज आवाजें दूर-दूर तक सुनाई दीं। लोगों को लगा कि कहीं कोई बड़ा हादसा न हो जाए। लगातार हो रहे धमाकों के कारण आसपास के दुकानदार अपनी दुकानें छोड़कर सुरक्षित स्थानों की ओर भागने लगे। कई लोगों ने अपने घरों से बाहर निकलकर खुले स्थानों में शरण ली। आग की लपटें इतनी ऊंची उठ रही थीं कि दूर से ही घटना स्थल स्पष्ट दिखाई दे रहा था। घटना के समय दुकान के पास स्थित एक बैंक्वेट हॉल में कुछ लोग मौजूद थे। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक बैंक्वेट हॉल के कर्मचारियों और स्थानीय लोगों ने साहस और सूझबूझ का परिचय देते हुए प्रारंभिक स्तर पर आग बुझाने का प्रयास किया। उन्होंने पानी और उपलब्ध संसाधनों की मदद से आग को फैलने से रोकने की कोशिश की। हालांकि आग की तीव्रता इतनी अधिक थी कि हालात जल्दी नियंत्रण से बाहर होते चले गए। घटना की सूचना मिलते ही अग्निशमन विभाग की टीम तत्काल मौके पर पहुंची। कंकड़बाग अग्निशमन विभाग के अनुमंडल पदाधिकारी अजीत कुमार ने बताया कि आग पर काबू पाने के लिए विभाग को काफी मशक्कत करनी पड़ी। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए मौके पर छह बड़ी दमकल गाड़ियां भेजी गईं। दमकल कर्मियों ने लगातार करीब डेढ़ घंटे तक कड़ी मेहनत कर आग पर पूरी तरह नियंत्रण पाया। अधिकारियों के अनुसार यदि समय रहते आग पर काबू नहीं पाया जाता तो आसपास की अन्य दुकानों और इमारतों को भी भारी नुकसान पहुंच सकता था। जिस इलाके में आग लगी वहां कई दुकानें और रिहायशी भवन एक-दूसरे के काफी करीब स्थित हैं। ऐसे में आग फैलने का खतरा लगातार बना हुआ था। दमकल विभाग की तत्परता और स्थानीय लोगों के सहयोग से एक बड़ा हादसा टल गया। हालांकि आग लगने से कबाड़ी दुकान में रखा अधिकांश सामान जलकर राख हो गया। प्रारंभिक अनुमान के अनुसार लाखों रुपये की संपत्ति का नुकसान हुआ है। दुकान में लोहे, प्लास्टिक, वाहन के पुर्जे और अन्य ज्वलनशील सामान बड़ी मात्रा में रखा हुआ था, जिसके कारण आग तेजी से फैलती चली गई। विस्फोट का मुख्य कारण गाड़ियों की टंकियों में मौजूद गैस और ईंधन को माना जा रहा है। फिलहाल आग लगने के वास्तविक कारणों का पता नहीं चल पाया है। अग्निशमन विभाग और पुलिस की टीम पूरे मामले की जांच में जुट गई है। अधिकारियों का कहना है कि यह पता लगाया जा रहा है कि आग शॉर्ट सर्किट, लापरवाही या किसी अन्य कारण से लगी। आसपास लगे निगरानी कैमरों की भी जांच की जा रही है, ताकि घटना की सही जानकारी मिल सके। घटना के बाद स्थानीय लोगों ने घनी आबादी वाले क्षेत्रों में कबाड़ी दुकानों और ज्वलनशील सामान के भंडारण को लेकर चिंता जताई है। लोगों का कहना है कि ऐसे इलाकों में सुरक्षा मानकों का पालन बेहद जरूरी है, क्योंकि छोटी सी लापरवाही भी बड़े हादसे का रूप ले सकती है। फिलहाल इलाके में स्थिति सामान्य है, लेकिन देर रात हुए धमाकों और आग की भयावह तस्वीरों ने लोगों को भयभीत कर दिया है। प्रशासन ने लोगों से सतर्क रहने और किसी भी आपात स्थिति में तुरंत अग्निशमन विभाग को सूचना देने की अपील की है।

You may have missed