भोजपुर में सिलेंडर लदे ट्रक ने ई-रिक्शा में मारी टक्कर, 5 लोग घायल, हालत गंभीर
आरा। भोजपुर जिले में रविवार देर रात एक बड़ा सड़क हादसा हो गया, जब गैस सिलेंडरों से लदे एक ट्रक ने सवारियों से भरे विद्युत चालित रिक्शा को जोरदार टक्कर मार दी। हादसे में ई-रिक्शा पर सवार पांच लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना नवादा थाना क्षेत्र के अनाईठ मोड़ के समीप की है। सूचना मिलते ही यातायात पुलिस मौके पर पहुंची और घायलों को तत्काल इलाज के लिए सदर अस्पताल में भर्ती कराया। पुलिस के अनुसार, हादसा उस समय हुआ जब ई-रिक्शा सवार लोग एक धार्मिक कार्यक्रम से लौट रहे थे। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि ई-रिक्शा क्षतिग्रस्त हो गया और उसमें सवार सभी लोग सड़क पर गिर पड़े। स्थानीय लोगों की मदद से घायलों को उठाया गया और पुलिस को सूचना दी गई। मौके पर पहुंची पुलिस ने बिना देर किए सभी को अस्पताल पहुंचाया, जहां चिकित्सकों द्वारा उनका उपचार किया जा रहा है। घायलों की पहचान पटना जिले के सैदानपुर निवासी रुदल पंडित की पत्नी राधिका देवी (46 वर्ष), दयानंद सिंह (60 वर्ष), उमेश पासवान (35 वर्ष), काशी पासवान (40 वर्ष) और मानसिंहपुर गांव निवासी चित्रलोक कुमार (33 वर्ष) के रूप में की गई है। सभी आपस में रिश्तेदार बताए जा रहे हैं। चिकित्सकों के अनुसार कुछ घायलों की स्थिति चिंताजनक बनी हुई है और उन्हें विशेष निगरानी में रखा गया है। घायल काशी पासवान ने बताया कि सभी लोग उदवंतनगर थाना क्षेत्र के जैतपुर गांव में आयोजित गृह प्रवेश समारोह के अवसर पर आयोजित शिव चर्चा कार्यक्रम में शामिल होने गए थे। कार्यक्रम समाप्त होने के बाद वे रविवार देर शाम एक ई-रिक्शा आरक्षित कर आरा स्टेशन की ओर लौट रहे थे। इसी दौरान अनाईठ मोड़ के पास सामने से आ रहे गैस सिलेंडर लदे ट्रक ने उनके वाहन को टक्कर मार दी। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, टक्कर के बाद कुछ समय के लिए वहां अफरा-तफरी का माहौल बन गया। राहगीरों और स्थानीय लोगों ने तत्परता दिखाते हुए घायलों की मदद की। दुर्घटना के कारण कुछ देर के लिए यातायात भी प्रभावित हुआ, जिसे पुलिस ने नियंत्रित किया। यातायात पुलिस के अधिकारियों ने बताया कि दुर्घटना के कारणों की जांच की जा रही है। यह पता लगाया जा रहा है कि ट्रक की गति अधिक थी या चालक की लापरवाही के कारण हादसा हुआ। ट्रक को जब्त कर लिया गया है और चालक से पूछताछ की जा रही है। यदि लापरवाही की पुष्टि होती है तो संबंधित धाराओं के तहत कार्रवाई की जाएगी। इस घटना ने एक बार फिर सड़क सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। खासकर व्यस्त मार्गों और मोड़ों पर भारी वाहनों की तेज गति अक्सर दुर्घटनाओं का कारण बनती है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि अनाईठ मोड़ जैसे संवेदनशील स्थानों पर यातायात नियंत्रण के अतिरिक्त उपाय किए जाएं, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं से बचा जा सके। फिलहाल घायलों का इलाज जारी है और पुलिस मामले की विस्तृत जांच में जुटी हुई है। परिजनों में हादसे को लेकर चिंता और दुख का माहौल है। प्रशासन ने आश्वासन दिया है कि दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी और पीड़ितों को हर संभव सहायता उपलब्ध कराई जाएगी।


