January 27, 2026

पीएमसीएच और पटना एम्स में जूनियर डॉक्टरों ने शुरू की हड़ताल, ओपीडी समेत कई सेवाएं बंद

पटना। पीएमसीएच और पटना एम्स के जूनियर डॉक्टरों ने मंगलवार को हड़ताल शुरू की। यह हड़ताल कोलकाता के मेडिकल कॉलेज अस्पताल की पीजी छात्रा के साथ हुए रेप और हत्या के विरोध में की गई है। इस घटना ने मेडिकल कॉलेजों के डॉक्टरों, पीजी छात्रों, और रेजिडेंट डॉक्टरों में गहरी नाराजगी पैदा कर दी है। जूनियर डॉक्टर एसोसिएशन ने ओपीडी समेत कई सेवाओं को बंद करने का ऐलान किया है, हालांकि इमरजेंसी सेवाएं जारी रहेंगी। जूनियर डॉक्टर एसोसिएशन और रेजिडेंट डॉक्टर एसोसिएशन ने इमरजेंसी सेवाओं को छोड़कर ओपीडी, ओटी, और वार्ड में काम नहीं करने का फैसला किया है। वे इस हड़ताल को आगे भी बढ़ाने की चेतावनी दे चुके हैं। उनकी मांग है कि कोलकाता की इस घटना की सीबीआई जांच कराई जाए, और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई हो। इसके साथ ही डॉक्टरों की सुरक्षा के मुद्दे को भी प्राथमिकता दी जाए। इस हड़ताल के कारण अस्पताल की ओपीडी और ओटी सेवाएं बाधित हो गई हैं, जिससे 12 ऑपरेशन टालने पड़े। सोमवार को एनएमसीएच के जूनियर डॉक्टरों ने इमरजेंसी गेट के पास प्रदर्शन किया था और डॉक्टरों की सुरक्षा की मांग की थी। इसके बाद शाम को कैंडल मार्च भी निकाला गया। जूनियर डॉक्टर एसोसिएशन के अध्यक्ष डॉ. अंकेश कुमार, डॉ. चिन्मय, और डॉ. अचला ने घटना पर नाराजगी जताई और डॉक्टरों की सुरक्षा की मांग दोहराई। बिहार स्वास्थ्य सेवा संघ ने भी 14 अगस्त को इमरजेंसी सेवाओं को छोड़कर बाकी सभी सेवाओं का बहिष्कार करने का ऐलान किया है। जूनियर डॉक्टरों ने केंद्र और राज्य सरकार से डॉक्टरों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की अपील की है ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।

You may have missed