पटना में आज बंद रहेगी मेट्रो, तकनीकी खराबी के कारण नहीं होगा संचालन
पटना। राजधानी पटना में मेट्रो से सफर करने वाले यात्रियों के लिए आज असुविधा भरा दिन रहा। तकनीकी कार्यों के कारण 28 जनवरी को पटना मेट्रो रेल सेवा पूरी तरह से बंद रखी गई है। मेट्रो प्रशासन ने पहले ही सूचना जारी कर यात्रियों को आगाह कर दिया था कि आज ट्रैफिक और पावर ब्लॉक के चलते मेट्रो का संचालन नहीं किया जाएगा। ऐसे में रोजाना मेट्रो से सफर करने वाले यात्रियों को बस, ऑटो और अन्य साधनों पर निर्भर रहना पड़ा।
तकनीकी कार्यों के कारण लिया गया फैसला
पटना मेट्रो की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार आज मेट्रो सेवा बंद रखने का फैसला तकनीकी कार्यों और बिजली आपूर्ति से जुड़े कार्यों के कारण लिया गया है। मेट्रो प्रबंधन का कहना है कि इन कार्यों का उद्देश्य सिस्टम को और सुरक्षित तथा सुचारू बनाना है, ताकि भविष्य में यात्रियों को किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े। मेट्रो प्रशासन ने यात्रियों से अपील की है कि वे अपनी यात्रा की योजना पहले से बनाएं और वैकल्पिक परिवहन साधनों का उपयोग करें। इसके साथ ही यात्रियों को हुई असुविधा के लिए खेद भी जताया गया है।
29 जनवरी से फिर शुरू होगा संचालन
पटना मेट्रो ने स्पष्ट किया है कि यह बंद अस्थायी है और 29 जनवरी से मेट्रो सेवा पहले की तरह नियमित रूप से शुरू कर दी जाएगी। प्रशासन का दावा है कि तकनीकी कार्य पूरे होने के बाद मेट्रो परिचालन और अधिक सुरक्षित और भरोसेमंद होगा। मेट्रो अधिकारियों के मुताबिक यात्रियों को घबराने की जरूरत नहीं है, क्योंकि इस तरह के तकनीकी कार्य समय-समय पर किए जाते हैं, ताकि बड़े स्तर की खराबी से बचा जा सके।
पहले भी रुक चुकी है मेट्रो सेवा
यह पहली बार नहीं है जब पटना मेट्रो को तकनीकी कारणों से बंद किया गया हो। इससे पहले 24 और 25 दिसंबर को भी मेट्रो सेवा रोक दी गई थी। उस समय मेट्रो प्रशासन ने बताया था कि अप्रत्याशित तकनीकी खराबी के कारण ट्रेन संचालन प्रभावित हुआ है। हालांकि 25 दिसंबर को दोपहर 3:30 बजे के बाद मेट्रो सेवा फिर से शुरू कर दी गई थी। उस दौरान पटना मेट्रो ने अपने आधिकारिक संदेश में कहा था कि तकनीकी टीम समस्या को जल्द से जल्द हल करने में जुटी हुई है और यात्रियों से धैर्य बनाए रखने की अपील की गई थी।
यात्रियों से सहयोग की अपील
पटना मेट्रो प्रबंधन ने आज भी यात्रियों से सहयोग की अपील की है। प्रशासन का कहना है कि मेट्रो सेवा अभी शुरुआती चरण में है और इस दौरान तकनीकी चुनौतियां सामने आना स्वाभाविक है। इन समस्याओं को दूर करने के लिए समय-समय पर सेवा को अस्थायी रूप से बंद करना पड़ सकता है। मेट्रो की ओर से कहा गया है कि यात्रियों की सुरक्षा और सुविधा उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसी वजह से किसी भी तकनीकी खामी को नजरअंदाज करने के बजाय उसे पूरी तरह दुरुस्त करने के बाद ही संचालन किया जाता है।
पटना मेट्रो का मौजूदा रूट
पटना मेट्रो के प्राथमिक कॉरिडोर का उद्घाटन 6 अक्टूबर को मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने किया था। इसके अगले दिन यानी 7 अक्टूबर से आम यात्रियों के लिए मेट्रो का संचालन शुरू हुआ। फिलहाल पटना मेट्रो का संचालन भूतनाथ रोड, जीरो माइल और आईएसबीटी स्टेशनों के बीच किया जा रहा है। इन तीनों स्टेशनों के बीच यात्रा के लिए न्यूनतम किराया 15 रुपये रखा गया है, जिससे आम लोगों को सस्ती और सुविधाजनक परिवहन सुविधा मिल सके।
रफ्तार और सुरक्षा व्यवस्था
पटना मेट्रो की अधिकतम गति 40 किलोमीटर प्रति घंटा निर्धारित की गई है। इसे शहर की यातायात व्यवस्था और सुरक्षा मानकों को ध्यान में रखते हुए तय किया गया है। मेट्रो स्टेशनों पर सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी विशेष इंतजाम किए गए हैं। सभी स्टेशनों पर दोहरी सुरक्षा व्यवस्था लागू की गई है। यात्रियों को दिल्ली मेट्रो की तरह सुरक्षा जांच प्रक्रिया से गुजरना पड़ता है। इसमें बैगेज स्कैनिंग, मेटल डिटेक्टर और अन्य सुरक्षा उपाय शामिल हैं।
यात्रियों की उम्मीद और भविष्य की योजनाएं
पटना मेट्रो से लोगों को बड़ी उम्मीदें हैं। शहर में बढ़ते ट्रैफिक और प्रदूषण को देखते हुए मेट्रो को एक अहम समाधान के तौर पर देखा जा रहा है। हालांकि बार-बार तकनीकी कारणों से सेवा बंद होने पर यात्रियों में नाराजगी भी देखने को मिल रही है। मेट्रो प्रशासन का कहना है कि जैसे-जैसे परियोजना पूरी तरह परिपक्व होगी, ऐसी दिक्कतें कम होती जाएंगी। आने वाले समय में मेट्रो नेटवर्क का विस्तार किया जाएगा, जिससे और अधिक इलाकों को जोड़ा जा सकेगा। फिलहाल, आज मेट्रो बंद रहने के कारण यात्रियों को थोड़ी परेशानी जरूर हुई, लेकिन उम्मीद की जा रही है कि 29 जनवरी से सेवा सामान्य होते ही लोग फिर से मेट्रो का लाभ उठा सकेंगे।


