होली के बाद पटना जंक्शन पर उमड़ी यात्रियों की भीड़, दिल्ली-मुंबई जाने वाली ट्रेनों में जनरल डिब्बे खचाखच भरे
- प्रवासी श्रमिकों की वापसी से ट्रेनों पर बढ़ा दबाव, रेलवे ने चलाई नौ विशेष ट्रेनें
पटना। होली पर्व के समाप्त होने के बाद बिहार से प्रवासी श्रमिकों का महानगरों की ओर लौटना तेज हो गया है। इसका प्रभाव राजधानी पटना के प्रमुख रेलवे स्टेशन पटना जंक्शन पर स्पष्ट रूप से देखा जा रहा है, जहां दिल्ली, मुंबई और हरियाणा की ओर जाने वाली ट्रेनों में यात्रियों की भारी भीड़ उमड़ रही है। सोमवार को स्टेशन परिसर में यात्रियों की इतनी भीड़ रही कि कई ट्रेनों के सामान्य श्रेणी के डिब्बों में पैर रखने तक की जगह नहीं बची। होली मनाने के बाद बड़ी संख्या में लोग अपने कामकाज के लिए दिल्ली, मुंबई और अन्य महानगरों की ओर लौट रहे हैं। इस कारण पटना जंक्शन पर सुबह से ही यात्रियों की भीड़ देखी गई। कई यात्री ट्रेन में जगह सुनिश्चित करने के लिए निर्धारित समय से कई घंटे पहले ही स्टेशन पहुंच गए थे, लेकिन इसके बावजूद कई ट्रेनों के सामान्य डिब्बे पूरी तरह भरे हुए थे। सोमवार को दिल्ली जाने वाली प्रमुख ट्रेनों में विशेष रूप से भीड़ अधिक देखी गई। ट्रेन संख्या 20801 मगध एक्सप्रेस और ट्रेन संख्या 2393 संपूर्ण क्रांति एक्सप्रेस के सामान्य डिब्बों में यात्रियों की भारी भीड़ दर्ज की गई। स्थिति ऐसी थी कि यात्रियों को सीट मिलना तो दूर, खड़े रहने तक की जगह मुश्किल से मिल पा रही थी। कई यात्रियों को डिब्बों के दरवाजों के पास खड़े होकर यात्रा करनी पड़ी। यात्रियों ने बताया कि ट्रेन में चढ़ना ही एक बड़ी चुनौती बन गया था। कुछ लोग दरवाजे के पास लटककर यात्रा करते दिखाई दिए, जबकि कई लोग भीड़ के बीच किसी तरह जगह बनाकर खड़े थे। यात्रियों का कहना था कि सामान्य डिब्बों की स्थिति बेहद खराब थी और सफर करना काफी कठिन हो गया था। भीड़ के कारण महिलाओं, बुजुर्गों और छोटे बच्चों को सबसे अधिक परेशानी का सामना करना पड़ा। कई परिवार छोटे बच्चों के साथ ट्रेन में चढ़ने की कोशिश करते नजर आए। यात्रियों का कहना है कि यदि रेलवे अतिरिक्त ट्रेनें चलाए और प्लेटफार्म पर भीड़ प्रबंधन को बेहतर बनाए, तो इस तरह की स्थिति से काफी हद तक बचा जा सकता है। इस संबंध में रेलवे प्रशासन का कहना है कि यात्रियों की बढ़ती संख्या को देखते हुए कई व्यवस्थाएं की गई हैं। रेलवे परिसर में यात्रियों के लिए विशेष प्रतीक्षा क्षेत्र बनाया गया है, जहां यात्रियों को ट्रेन के आने तक रोका जा रहा है। इसके अलावा यात्रियों को पंक्तिबद्ध तरीके से ट्रेन में चढ़ने के निर्देश दिए जा रहे हैं, ताकि भीड़ को नियंत्रित किया जा सके। भीड़ को देखते हुए प्लेटफार्म पर रेलवे सुरक्षा बल और राजकीय रेलवे पुलिस के जवानों की तैनाती की गई है। किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए प्लेटफार्म पर प्राथमिक उपचार की सुविधा के साथ चिकित्सकीय दल भी मौजूद रखा गया है। रेलवे अधिकारियों के अनुसार होली के बाद लगभग 10 से 15 दिनों तक ट्रेनों में इसी प्रकार की भीड़ देखने को मिलती है। बिहार से बड़ी संख्या में लोग रोजगार के लिए देश के विभिन्न शहरों में काम करते हैं और त्योहार के बाद वे वापस अपने कार्यस्थलों पर लौटते हैं, जिससे ट्रेनों पर अचानक दबाव बढ़ जाता है। यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए रेलवे ने नौ विशेष ट्रेनों का संचालन भी शुरू किया है। अधिकारियों का कहना है कि यदि आवश्यकता महसूस हुई तो अतिरिक्त विशेष ट्रेनों का संचालन भी किया जाएगा, ताकि यात्रियों को यात्रा के दौरान कम से कम परेशानी हो। फिलहाल पटना जंक्शन पर रोजाना बड़ी संख्या में यात्री ट्रेनों का इंतजार करते दिखाई दे रहे हैं। भीड़ के बीच किसी तरह ट्रेन में जगह बनाकर लोग अपने रोजगार और कामकाज के लिए दिल्ली, मुंबई और अन्य महानगरों की ओर रवाना हो रहे हैं।


