पटना में चाकू गोदकर युवक की निर्मम हत्या, आरोपी मौके से फरार
पटना। पटना में शनिवार को एक बार फिर अपराधियों के बेखौफ होने की तस्वीर सामने आई, जब दिनदहाड़े चाकू से गोदकर एक युवक की निर्मम हत्या कर दी गई। इस सनसनीखेज वारदात से राजधानी की कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। घटना आलमगंज थाना क्षेत्र के कनटाही घाट के पास हुई, जहां खून से लथपथ युवक का शव मिलने के बाद पूरे इलाके में हड़कंप मच गया। हत्या को अंजाम देने के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया, जिसकी तलाश में पुलिस की टीम जुटी हुई है।
दिनदहाड़े वारदात से दहशत
शनिवार को जब लोग अपने रोजमर्रा के काम में लगे थे, उसी दौरान कनटाही घाट के पास एक युवक पर चाकू से ताबड़तोड़ वार कर दिए गए। हमलावर ने इतनी बेरहमी से हमला किया कि युवक ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। दिन के उजाले में हुई इस वारदात ने स्थानीय लोगों को झकझोर कर रख दिया। घटना के बाद आसपास मौजूद लोग सहम गए और कुछ देर के लिए पूरे इलाके में सन्नाटा पसर गया।
स्थानीय लोगों की सूचना पर पहुंची पुलिस
घटना की जानकारी सबसे पहले स्थानीय लोगों को मिली, जब उन्होंने घाट के पास एक युवक को खून में लथपथ हालत में पड़ा देखा। पास जाकर देखने पर शरीर पर चाकू के गहरे घाव नजर आए। लोगों ने बिना देर किए पुलिस को सूचना दी। खबर मिलते ही आलमगंज थाना की पुलिस टीम मौके पर पहुंची और इलाके को घेराबंदी कर अपने कब्जे में ले लिया। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि युवक की मौत पहले ही हो चुकी थी।
शव की पहचान में जुटी पुलिस
पुलिस के सामने सबसे बड़ी चुनौती मृतक की पहचान करना है। शुरुआती जांच में युवक की शिनाख्त नहीं हो सकी है। पुलिस आसपास के थानों में दर्ज गुमशुदगी की रिपोर्टों से मिलान कर रही है, ताकि मृतक की पहचान की जा सके। इसके साथ ही स्थानीय लोगों से पूछताछ की जा रही है कि कहीं उन्होंने युवक को पहले इलाके में आते-जाते देखा हो। पहचान सामने आने के बाद ही हत्या की पृष्ठभूमि स्पष्ट हो सकेगी।
फॉरेंसिक जांच से जुटाए जा रहे सबूत
घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने फॉरेंसिक विज्ञान प्रयोगशाला की टीम को भी बुलाया है। एफएसएल के विशेषज्ञ घटनास्थल से खून के नमूने, जमीन पर पड़े साक्ष्य और अन्य तकनीकी सबूत एकत्र कर रहे हैं। इन साक्ष्यों के आधार पर यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि हत्या किस तरह की गई और हमलावर कितने थे। पुलिस को उम्मीद है कि फॉरेंसिक रिपोर्ट से जांच को अहम दिशा मिलेगी।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार
पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट से यह साफ होगा कि युवक पर कितनी बार चाकू से हमला किया गया और मौत का सटीक कारण क्या रहा। रिपोर्ट आने के बाद पुलिस जांच को और आगे बढ़ाएगी और हत्या के पीछे की वजहों को स्पष्ट करने की कोशिश करेगी।
इलाके में पहले भी हो चुकी हैं घटनाएं
स्थानीय लोगों का कहना है कि कनटाही घाट और उसके आसपास का इलाका पहले भी असामाजिक तत्वों के कारण चर्चा में रहा है। शाम ढलते ही यहां संदिग्ध लोगों का जमावड़ा लग जाता है। कई बार आपसी झगड़े, मारपीट और नशाखोरी की शिकायतें सामने आ चुकी हैं। लोगों का मानना है कि नियमित पुलिस गश्त की कमी के कारण अपराधियों के हौसले बुलंद हैं।
संदिग्धों की तलाश और सीसीटीवी खंगालने की कवायद
पुलिस सूत्रों के अनुसार, हत्या के पीछे आपसी रंजिश, लूटपाट या किसी पुराने विवाद की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता। सभी संभावित पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच की जा रही है। घटनास्थल और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है, ताकि आरोपी की पहचान हो सके और उसके भागने की दिशा का पता चल सके। साथ ही वारदात के समय आसपास मौजूद लोगों से भी पूछताछ जारी है।
लोगों में भय और आक्रोश
घटना के बाद इलाके में दहशत का माहौल है। दुकानदारों ने बताया कि दिनदहाड़े हत्या की घटना से लोगों में भय बढ़ गया है। राहगीरों और स्थानीय निवासियों का कहना है कि राजधानी में लगातार बढ़ती आपराधिक घटनाओं से आम लोगों की सुरक्षा खतरे में पड़ती जा रही है। लोगों ने प्रशासन से इलाके में पुलिस गश्त बढ़ाने और संवेदनशील स्थानों पर निगरानी मजबूत करने की मांग की है।
पुलिस का दावा, जल्द होगा खुलासा
पुलिस प्रशासन का कहना है कि मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है और जल्द ही आरोपी को गिरफ्तार कर लिया जाएगा। वरिष्ठ अधिकारी भी इस केस पर नजर बनाए हुए हैं। पुलिस ने भरोसा दिलाया है कि अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी और कानून-व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा।
राजधानी में सुरक्षा पर सवाल
पटना में हुई इस निर्मम हत्या ने एक बार फिर कानून-व्यवस्था को लेकर चिंता बढ़ा दी है। लोग उम्मीद कर रहे हैं कि पुलिस जल्द से जल्द मामले का खुलासा कर दोषियों को सजा दिलाएगी, ताकि पीड़ित परिवार को न्याय मिल सके और आम नागरिकों में सुरक्षा का भरोसा कायम रह सके।


