23 मार्च को इतिहास की पुनरावृत्ति होने जा रही : RJD
पटना। राजद के प्रदेश प्रवक्ता चित्तरंजन गगन ने कहा है कि नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव के आह्वान पर बिहार के नौजवान आगामी 23 मार्च को इतिहास को दुहराने जा रहे हैं। राजद प्रवक्ता ने कहा कि जिस प्रकार महंगाई और भ्रष्टाचार के सवाल पर 18 मार्च 1974 को बिहार के छात्रों ने पटना विश्वविद्यालय छात्रसंघ के तत्कालीन अध्यक्ष लालू प्रसाद के नेतृत्व में बिहार विधानसभा का घेराव किया था, जो कालांतर में लोकनायक जयप्रकाश नारायण के नेतृत्व में राष्ट्रव्यापी जन आंदोलन बन गया था। उसी प्रकार तेजस्वी यादव के आह्वान पर बिहार के छात्र और नौजवान बेरोजगारी जैसे महत्वपूर्ण मुद्दे के साथ हीं महंगाई और भ्रष्टाचार के सवाल पर आगामी 23 मार्च को बिहार विधानसभा का घेराव करने जा रहे हैं।
राजद प्रवक्ता ने कहा कि विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव द्वारा बेरोजगारी से जुड़े सवाल उठाने पर सरकार द्वारा कोई ठोस जवाब न देकर टालमटोल कर दिया गया। 19 लाख नौजवानों को नौकरी और रोजगार देने का वादा करने वाली सरकार विभिन्न विभागों के लाखों रिक्तियों पर कुंडली मारकर बैठी हुई है। केवल शिक्षकों के हीं 3,15,778 स्वीकृत पद रिक्त हैं, पर 94000 प्राथमिक शिक्षकों और 34000 मा. शिक्षकों की नियुक्ति वर्षों से लटकाये रखा गया है। जबकि इनकी सारी प्रक्रिया पूरी हो चुकी है, केवल काउंसिलिंग होनी बाकी है।
राजद नेता ने आरोप लगाया कि बिहार के एनडीए शासनकाल में किसी भी विभाग में अब तक एक भी स्थाई पद का सृजन नहीं किया गया है जबकि कर्मियों के अवकाश ग्रहण करने के साथ हीं उनका पद स्वत: समाप्त हो जा रहा है। सबसे बड़ा मजाक तो यह है कि एक पद और एक हीं काम के लिए अलग-अलग वेतनमान और सेवा शर्त है।


