बिहार से पलायन करने वालों की संख्या में 200 प्रतिशत की वृद्धि : राजद
पटना। राजद के प्रदेश प्रवक्ता चितरंजन गगन ने भाजपा और जदयू नेताओं के बयान पर तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा कि जिनके राज में देश और प्रदेश में बेरोजगारी का आंकड़ा पिछले 45 साल के रिकार्ड को तोड़ने का काम किया है, वे बेरोजगारों का मजाक उड़ा रहे हैं।
राजद नेता ने कहा है कि उपमुख्यमंत्री सुशील मोदी एवं भाजपा और जदयू के अन्य नेता झूठे आंकड़े पेश कर सच्चाई पर पर्दा डाल रहे हैं। सच्चाई यह है कि बिहार में एनडीए सरकार के कार्यकाल में रोजी-रोटी के लिए बिहार से पलायन करने वालों की संख्या में 200 प्रतिशत की वृद्धि हुई है। सरकार के सभी विभागों में लाखों की संख्या में सृजित पद रिक्त पड़े हुए हैं। एनडीए सरकार में रिक्ती के साथ हीं पद समाप्ति की व्यवस्था लागू की गई है और काम चलाने के लिए संविदा के द्वारा बहाली की जा रही है। आज सरकारी उपक्रमों के साथ हीं निजी क्षेत्रों से भी बड़ी संख्या में लोगों को नौकरियों से निकाला जा रहा है।
सच्चाई यह है कि बेरोजगारी जैसे आज की सबसे बड़ी समस्या के सवाल पर नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव द्वारा निकाले जा रहे बेरोजगारी हटाओ यात्रा से भाजपा और जदयू में भारी बेचैनी छा गयी है। जिस प्रकार तेजस्वी की सभा में लोगों का जनसैलाब उमड़ रहा है, उससे भाजपा और जदयू को उनके पैरो तले जमीन खिसकती दिखाई दे रही है। राजद नेता ने कहा कि बिहार की जनता सुशील मोदी से सृजन घोटाले के साथ हीं उन 36 घोटालों के बारे में जानना चाहती है जिसे 2015 के विधानसभा चुनाव और 2014 के लोकसभा चुनाव के समय प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर लगाया था।


