बिहार में हड़ताली नियोजित शिक्षकों को मिला होली गिफ्ट, फिर भी हड़ताली शिक्षक वेतनमान की मांग पर अड़े

पटना। बिहार में कई दिनों से नियोजित शिक्षक हड़ताल पर है। नियोजित शिक्षकों को बिहार सरकार लगातार आश्वासन दे रही थी, लेकिन अब नीतीश सरकार उन्हें होली गिफ्ट में सेवा शर्त का लाभ, 20 फीसद वेतन वृद्धि और कर्मचारी भविष्यनिधि का लाभ देने जा रही है। साथ ही सरकार उन्हें ऐच्छिक स्थानांतरण का लाभ भी देने जा रही है। सरकार ने समान वेतनमान छोड़ हड़ताली शिक्षकों की सभी मांगें मान ली है। इस बीच हड़ताली शिक्षक वेतनमान की मांग पर अड़े हुए हैं। हालांकि, वे सरकार से वार्ता के लिए तैयार हो गए हैं।
शिक्षा मंत्री कृष्णनंदन प्रसाद वर्मा ने गुरुवार को बिहार विधानसभा में कहा कि सरकार नियोजित शिक्षकों की विरोधी नहीं है। वे हड़ताल से वापस लौटें। सरकार ने नियोजित शिक्षकों के बारे में पहले भी सोचा है और आगे भी सोंचेगी। उन्होंने कहा कि वर्तमान सेवा शर्तोंं के बारे में आगे क्या कर सकते हैैं, इस पर विचार किया जाएगा। शिक्षा विभाग के बजट अनुदान मांग पर हुई चर्चा के बाद सरकार का जवाब देने के क्रम में शिक्षा मंत्री ने ये बातें कहीं। इस दौरान मुख्यमंत्री नीतीश कुमार व उप मुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी भी सदन में मौजूद थे। इसके पहले मुख्यमंत्री व उपमुख्यमंत्री भी कह चुके हैं कि सरकार उनके वेतन में बढ़ोतरी करेगी। लेकिन समान वेतनमान नहीं दिए जाएंगे।
शिक्षा मंत्री ने कहा कि हम सचमुच में इन शिक्षकों के प्रति सम्मान रखते हैं। राज्य सरकार उनकी हितैषी है। पर इंटरमीडिएट और मैट्रिक की परीक्षा व वीक्षण कार्य के समय हुई यह हड़ताल गलत है। शिक्षक अपना मन बच्चों की पढ़ाई में लगाएं, कठोर निर्णय नहीं लें।
शिक्षा मंत्री ने आगे कहा कि नियोजित शिक्षकों द्वारा ‘समान काम-समान वेतन’ की मांग की जा रही है। जबकि, सुप्रीम कोर्ट ने इस मांग के विरुद्ध अपना फैसला दिया है। सुप्रीम कोर्ट का निर्णय सरकार के लिए नियमन है। इसके बावजूद सरकार नियोजित शिक्षकों के किसी भी अधिकार का हनन नहीं कर रही है। वर्ष 2005 में शिक्षकों को चार से पांच हजार रुपए तक मिलते थे, अब 29000 रुपये से अधिक मिल रहे हैं। उन्हें राज्यकर्मियों को देय मंहगाई भत्ता, चिकित्सा भत्ता और वार्षिक भत्ता भी मिल रहा है। सातवें वेतनमान की अनुशंसा के तहत 2.5 फीसद की वेतनवृद्धि भी हुई है। इसलिए वे हड़ताल खत्म कर काम पर लौटें।
वेतनमान की मांग पर अड़े हड़ताली शिक्षक
दरअसल, सरकार हड़ताली शिक्षकों के वेतनमान की मांग को छोड़कर अन्य सभी मांगों को मानने को तैयार हो गई है। लेकिन हड़ताली शिक्षक वेतनमान की मांग पर अड़े हुए हैं। हालांकि, वे सरकार से वार्ता के लिए तैयार हो गए हैं।