गाजियाबाद में तीन सगी बहनों ने 9वीं मंजिल से कूदकर की आत्महत्या, ऑनलाइन गेमिंग की लत के कारण उठाया खौफनाक कदम
गाजियाबाद। उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद जिले से एक बेहद दुखद और चिंताजनक घटना सामने आई है, जहां तीन सगी नाबालिग बहनों की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। इस घटना ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है। शुरुआती जांच में सामने आया है कि यह मामला ऑनलाइन गेमिंग की लत से जुड़ा हो सकता है। पुलिस पूरे मामले की गहन जांच में जुटी हुई है।
घटना से इलाके में सनसनी
यह घटना गाजियाबाद की भारत सिटी कॉलोनी के बी-1 टॉवर में मंगलवार देर रात सामने आई। जानकारी के अनुसार तीनों बहनें अपने परिवार के साथ नौवीं मंजिल पर स्थित फ्लैट में रहती थीं। रात करीब दो बजे अचानक तेज आवाज सुनकर कॉलोनी के लोग बाहर निकले। मौके पर पहुंचने पर तीनों बच्चियां गंभीर हालत में मिलीं। स्थानीय लोगों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी और उन्हें अस्पताल पहुंचाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। इस घटना के बाद पूरे इलाके में दहशत और शोक का माहौल फैल गया।
पुलिस जांच और शुरुआती जानकारी
एडिशनल पुलिस कमिश्नर आलोक प्रियदर्शी ने बताया कि पुलिस हर पहलू से मामले की जांच कर रही है। प्रारंभिक जांच में यह सामने आया है कि तीनों बहनें मोबाइल फोन पर ऑनलाइन गेम खेलती थीं। पुलिस को घटनास्थल से एक डायरी भी मिली है, जिसमें परिवार से माफी मांगते हुए कुछ बातें लिखी हुई बताई जा रही हैं। अधिकारियों का कहना है कि डायरी और डिजिटल उपकरणों की जांच की जा रही है ताकि पूरे घटनाक्रम की सच्चाई सामने आ सके।
परिवार का बयान
बच्चियों के पिता चेतन ने बताया कि उनकी बेटियां लंबे समय से मोबाइल पर एक ऑनलाइन गेम खेल रही थीं। उन्होंने कहा कि परिवार ने कई बार बच्चियों को गेम खेलने से रोका था। पिता के अनुसार बेटियां अक्सर अपने कमरे में एक साथ रहती थीं और गेम से जुड़ी गतिविधियों में व्यस्त रहती थीं। उन्होंने यह भी बताया कि बच्चियां कई बार गेम से जुड़े टास्क को लेकर आपस में चर्चा करती थीं और बाहरी लोगों से कम बातचीत करती थीं।
स्कूल और सामाजिक जीवन से दूरी
पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि तीनों बच्चियां पिछले कुछ समय से नियमित रूप से स्कूल नहीं जा रही थीं। उनका अधिकांश समय मोबाइल फोन पर गेम खेलने में बीतता था। आसपास के लोगों ने भी बताया कि बच्चियां बहुत कम बाहर निकलती थीं और सामाजिक गतिविधियों से दूरी बनाए रखती थीं। पुलिस इस पहलू को भी गंभीरता से जांच रही है कि कहीं ऑनलाइन गतिविधियों का उनके मानसिक व्यवहार पर असर तो नहीं पड़ा।
ऑनलाइन टास्क आधारित गेम क्या है
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार जिस गेम की बात सामने आ रही है, वह कथित रूप से ऑनलाइन चैट आधारित गेमिंग सिस्टम का हिस्सा बताया जा रहा है। ऐसे गेम अक्सर सोशल मीडिया या मैसेजिंग प्लेटफॉर्म के माध्यम से संचालित होते हैं। शुरुआत में दोस्ती और भावनात्मक जुड़ाव के जरिए भरोसा बनाने की कोशिश की जाती है। धीरे-धीरे खिलाड़ियों को अलग-अलग तरह के टास्क दिए जाते हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसे गेम किशोरों के मानसिक स्वास्थ्य पर असर डाल सकते हैं, इसलिए इनसे सतर्क रहने की जरूरत होती है।
पहले भी सामने आ चुके हैं ऐसे मामले
देश में पहले भी ऑनलाइन चैलेंज या गेमिंग से जुड़े कई विवादित मामले सामने आ चुके हैं। कुछ वर्षों पहले ब्लू व्हेल नामक ऑनलाइन चैलेंज को लेकर भी कई घटनाएं चर्चा में आई थीं। उस गेम को बाद में सरकार द्वारा प्रतिबंधित कर दिया गया था। विशेषज्ञों का कहना है कि इंटरनेट पर मौजूद संदिग्ध गेम या चैलेंज युवाओं और किशोरों को मानसिक रूप से प्रभावित कर सकते हैं, इसलिए माता-पिता और अभिभावकों को सतर्क रहना जरूरी है।
पुलिस की आगे की कार्रवाई
एसपी अतुल कुमार सिंह ने बताया कि पुलिस को देर रात सूचना मिली थी, जिसके बाद टीम मौके पर पहुंची और जांच शुरू की गई। पुलिस परिवार के सदस्यों, पड़ोसियों और परिचितों से पूछताछ कर रही है। साथ ही मोबाइल फोन, सोशल मीडिया अकाउंट और अन्य डिजिटल माध्यमों की भी जांच की जा रही है। पुलिस का कहना है कि सभी तकनीकी और सामाजिक पहलुओं को ध्यान में रखते हुए जांच आगे बढ़ाई जा रही है।
समाज और परिवार के लिए चेतावनी
यह घटना ऑनलाइन गतिविधियों और किशोरों के मानसिक स्वास्थ्य को लेकर गंभीर सवाल खड़े करती है। विशेषज्ञों का मानना है कि बच्चों के डिजिटल इस्तेमाल पर निगरानी रखना और उनसे लगातार संवाद बनाए रखना जरूरी है। साथ ही स्कूल और समाज स्तर पर भी बच्चों को सुरक्षित इंटरनेट उपयोग के प्रति जागरूक करने की आवश्यकता है। गाजियाबाद की यह घटना एक परिवार के लिए गहरा आघात लेकर आई है और समाज को भी सोचने पर मजबूर कर रही है कि बदलते डिजिटल दौर में बच्चों की सुरक्षा और मानसिक स्वास्थ्य को लेकर किस तरह सामूहिक जिम्मेदारी निभाई जाए। पुलिस जांच के बाद ही पूरे मामले की स्पष्ट तस्वीर सामने आ सकेगी।


