पीयू के नवनिर्वाचित अध्यक्ष शांतनु शेखर को एनएसयूआई ने दिल्ली बुलाया, चुनावी वादे पूरा करने पर होगी बात
पटना। पीयू छात्रसंघ चुनाव में जीत दर्ज करने के बाद राष्ट्रीय छात्र संगठन भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन की सक्रियता तेज हो गई है। संगठन के नवनिर्वाचित अध्यक्ष शांतनु शेखर को राष्ट्रीय नेतृत्व की ओर से दिल्ली बुलाया गया, जहां उनकी मुलाकात संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष विनोद जाखड़ से हुई। इस मुलाकात के दौरान उन्हें सम्मानित किया गया और छात्रों के हितों के लिए सक्रिय रूप से काम करने का संदेश दिया गया। दिल्ली में हुई इस बैठक को छात्र राजनीति के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने शांतनु शेखर से चुनाव के दौरान किए गए वादों को पूरा करने और विश्वविद्यालय में छात्र हितों को प्राथमिकता देने पर चर्चा की। इसके साथ ही उन्हें संगठन को मजबूत बनाने और सभी छात्रों को साथ लेकर चलने की सलाह भी दी गई।
राष्ट्रीय अध्यक्ष ने किया सम्मानित
दिल्ली में आयोजित इस मुलाकात के दौरान भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष विनोद जाखड़ ने पटना विश्वविद्यालय छात्रसंघ के नवनिर्वाचित अध्यक्ष शांतनु शेखर को सम्मानित किया। इस अवसर पर उन्होंने शांतनु को भारतीय संविधान की एक प्रति भी भेंट की। राष्ट्रीय अध्यक्ष ने इस मौके पर कहा कि छात्र राजनीति केवल चुनाव जीतने तक सीमित नहीं होती, बल्कि इसके माध्यम से छात्रों की समस्याओं को उठाना और उनके समाधान के लिए काम करना भी उतना ही जरूरी होता है। उन्होंने शांतनु शेखर से अपेक्षा जताई कि वे अपने कार्यकाल में विश्वविद्यालय के छात्रों के लिए सकारात्मक और प्रभावी पहल करेंगे। उन्होंने यह भी कहा कि छात्र संगठन को मजबूत बनाने के लिए सभी छात्रों को साथ लेकर चलना जरूरी है। यदि संगठन एकजुट होकर काम करेगा तो बिहार में भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन और भी सशक्त रूप में उभरकर सामने आएगा।
छात्रों के मुद्दों को प्राथमिकता देने की सलाह
इस दौरान विनोद जाखड़ ने कहा कि पटना विश्वविद्यालय के छात्रों ने छात्रसंघ चुनाव के माध्यम से स्पष्ट संदेश दिया है कि शिक्षा और युवाओं से जुड़े मुद्दों की अनदेखी अब बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि छात्र लोकतांत्रिक तरीके से अपनी आवाज उठाते रहेंगे और छात्र संगठनों की जिम्मेदारी है कि वे उनकी समस्याओं को उचित मंच तक पहुंचाएं। राष्ट्रीय अध्यक्ष ने शांतनु शेखर से कहा कि चुनाव के दौरान छात्रों से जो भी वादे किए गए हैं, उन्हें प्राथमिकता के आधार पर पूरा करने की कोशिश करनी चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि छात्रसंघ का उद्देश्य केवल प्रतिनिधित्व करना नहीं बल्कि छात्रों की वास्तविक समस्याओं का समाधान करना भी है।
शांतनु शेखर ने जताई जिम्मेदारी निभाने की प्रतिबद्धता
दिल्ली में हुई इस मुलाकात के बाद पटना विश्वविद्यालय छात्रसंघ के नवनिर्वाचित अध्यक्ष शांतनु शेखर ने कहा कि यह उनके लिए एक महत्वपूर्ण अवसर है। उन्होंने बताया कि जिस दिन विनोद जाखड़ भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष बने थे, उसी दिन उन्हें पटना विश्वविद्यालय छात्रसंघ का अध्यक्ष चुना गया था। शांतनु ने कहा कि राष्ट्रीय अध्यक्ष ने उन्हें समझाया कि यह समय उनके लिए एक बड़ी जिम्मेदारी और अवसर दोनों है। उन्होंने कहा कि छात्रसंघ का पद केवल सम्मान का प्रतीक नहीं है, बल्कि इसके साथ छात्रों के हितों की रक्षा करने और उनकी समस्याओं को हल करने की जिम्मेदारी भी जुड़ी होती है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि वे विश्वविद्यालय के छात्रों के हित में काम करेंगे और चुनाव के दौरान किए गए वादों को पूरा करने की दिशा में प्रयास करेंगे। साथ ही उन्होंने कहा कि उनका प्रयास रहेगा कि सभी छात्र संगठनों और छात्रों को साथ लेकर विश्वविद्यालय के विकास के लिए काम किया जाए।
छात्रसंघ चुनाव में मिली थी बड़ी जीत
पटना विश्वविद्यालय छात्रसंघ चुनाव में भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन को महत्वपूर्ण सफलता मिली थी। अध्यक्ष पद के लिए हुए चुनाव में शांतनु शेखर ने अपने निकटतम प्रतिद्वंद्वी छात्र जनता दल यूनाइटेड से जुड़े उम्मीदवार प्रिंस कुमार को बड़े अंतर से हराया था। चुनाव परिणाम के अनुसार शांतनु शेखर को कुल 2896 मत प्राप्त हुए थे, जबकि प्रिंस कुमार को 1400 मत मिले थे। इस तरह शांतनु शेखर ने 1496 मतों के बड़े अंतर से जीत दर्ज कर अध्यक्ष पद पर कब्जा किया था। यह जीत छात्र संगठन के लिए काफी महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
महासचिव पद पर भी एनएसयूआई की जीत
छात्रसंघ चुनाव में महासचिव पद पर भी भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन को सफलता मिली थी। इस पद पर संगठन की उम्मीदवार खुशी कुमारी ने जीत हासिल की थी। उन्हें कुल 2164 मत प्राप्त हुए थे। वहीं इस पद के लिए छात्र राष्ट्रीय जनता दल से जुड़े प्रत्याशी प्रत्यूष राज दूसरे स्थान पर रहे। उन्हें 1611 मत मिले। इस तरह खुशी कुमारी ने 553 मतों के अंतर से जीत दर्ज की। दिल्ली में हुई इस बैठक के दौरान खुशी कुमारी और अन्य छात्र नेता भी मौजूद रहे। सभी ने संगठन के राष्ट्रीय नेतृत्व के साथ छात्र राजनीति के विभिन्न पहलुओं पर चर्चा की।
बिहार में संगठन को मजबूत बनाने पर जोर
इस मुलाकात के दौरान राष्ट्रीय नेतृत्व ने बिहार में संगठन को और मजबूत बनाने की रणनीति पर भी चर्चा की। विनोद जाखड़ ने कहा कि छात्र राजनीति लोकतंत्र की एक महत्वपूर्ण कड़ी है और इसके माध्यम से युवाओं को नेतृत्व का अवसर मिलता है। उन्होंने कहा कि यदि छात्र संगठन सक्रिय रूप से काम करेंगे तो वे शिक्षा व्यवस्था से जुड़ी समस्याओं को बेहतर तरीके से सामने ला सकते हैं। फिलहाल दिल्ली में हुई यह बैठक छात्र राजनीति के लिए महत्वपूर्ण मानी जा रही है। माना जा रहा है कि आने वाले समय में पटना विश्वविद्यालय में छात्रसंघ की नई टीम छात्रों के मुद्दों को लेकर सक्रिय भूमिका निभाएगी।


