पटना में आठवीं तक के स्कूल 11 जनवरी तक बंद, भीषण ठंड को लेकर प्रशासन का आदेश जारी
पटना। भीषण ठंड और घने कोहरे के बीच राजधानी पटना समेत पूरे बिहार में जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हो रहा है। लगातार गिरते तापमान और बढ़ती ठिठुरन को देखते हुए पटना जिला प्रशासन ने बड़ा निर्णय लिया है। प्रशासन के आदेश के अनुसार राजधानी पटना में कक्षा एक से लेकर आठवीं तक के सभी सरकारी और निजी विद्यालयों को 11 जनवरी तक बंद रखने का निर्देश जारी किया गया है। यह आदेश 9 जनवरी से प्रभावी होगा। गुरुवार (08 जनवरी, 2026) को पटना के जिलाधिकारी डॉ. त्यागराजन एसएम ने निर्देश जारी किया. पत्र में लिखा गया है, “पटना जिला के सभी निजी / सरकारी विद्यालयों (प्री स्कूल, आंगनबाड़ी केंद्रों सहित) में वर्ग-8 तक की शैक्षणिक गतिविधियों पर दिनांक-11.01.2026 तक प्रतिबंध लगाता हूं.” आगे लिखा गया है, “वर्ग-8 से ऊपर की कक्षाओं की शैक्षणिक गतिविधियां पूर्वाहन 10:30 बजे से अपराहन 03:30 बजे के बीच संचालित की जा सकती हैं. विद्यालय प्रबंधन को निर्देश दिया जाता है कि वे आदेश के अनुरूप शैक्षणिक गतिविधियों को पुनर्निधारित करेंगे. प्री बोर्ड / बोर्ड की परीक्षा हेतु संचालित किए जाने वाले विशेष कक्षाओं / परीक्षाओं का संचालन इससे मुक्त रहेगा.” यह आदेश पटना जिले में दिनांक 09.01.2026 से लागू होगा एवं दिनांक 11.01.2026 तक प्रभावी रहेगा. जिला प्रशासन का कहना है कि बच्चों के स्वास्थ्य और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए यह कदम उठाया गया है। दरअसल, उत्तर भारत के पहाड़ी राज्यों जम्मू-कश्मीर और हिमाचल प्रदेश में हो रही लगातार बर्फबारी का सीधा असर मैदानी राज्यों पर पड़ रहा है। बिहार के लगभग सभी जिलों में हाड़ कंपाने वाली ठंड महसूस की जा रही है। मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार मधुबनी को छोड़कर राज्य के 37 जिलों का न्यूनतम तापमान 10 डिग्री सेल्सियस से नीचे पहुंच चुका है, जिससे ठंड का प्रकोप और बढ़ गया है। पिछले 24 घंटे के दौरान कई जिलों में न्यूनतम तापमान बेहद नीचे दर्ज किया गया है। शेखपुरा, छपरा, किशनगंज और गया जी में न्यूनतम तापमान 7 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। वहीं, भागलपुर राज्य का सबसे ठंडा जिला रहा, जहां न्यूनतम तापमान गिरकर मात्र 4.4 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। समस्तीपुर में भी 5.6 डिग्री सेल्सियस न्यूनतम तापमान दर्ज किया गया, जो सामान्य से काफी नीचे है। राजधानी पटना में गुरुवार को न्यूनतम तापमान 9.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि कोहरे के कारण ठंड का असर कहीं ज्यादा महसूस किया गया। मौसम विभाग ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए पूरे बिहार के लिए कोहरे और कोल्ड-डे को लेकर ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। गुरुवार सुबह से ही प्रदेश के कई जिलों में घना कोहरा छाया रहा। राजधानी पटना में हालात यह रहे कि दृश्यता घटकर मात्र 50 मीटर तक सिमट गई। कई इलाकों में ओस की बूंदों के रूप में हल्की बारिश जैसी स्थिति भी देखी गई, जिससे ठंड और बढ़ गई। घने कोहरे का असर परिवहन व्यवस्था पर भी साफ नजर आया। कोहरे के चलते पटना एयरपोर्ट पर विमान परिचालन बुरी तरह प्रभावित हुआ। बुधवार को इंडिगो की पांच जोड़ी उड़ानों को रद्द करना पड़ा, जबकि 22 जोड़ी उड़ानें अपने निर्धारित समय से काफी देरी से संचालित हुईं। यात्रियों को घंटों इंतजार करना पड़ा, जिससे एयरपोर्ट पर अफरा-तफरी की स्थिति बनी रही। मौसम विज्ञानियों के अनुसार, उत्तर भारत में सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ और पहाड़ी इलाकों में जारी बर्फबारी के कारण ठंडी पछुआ हवाएं बिहार की ओर बढ़ रही हैं। यही कारण है कि मैदानी इलाकों में तापमान सामान्य से काफी नीचे चला गया है। पछुआ हवाएं अपने साथ तेज ठंडक लेकर आ रही हैं, जिससे न्यूनतम तापमान में लगातार गिरावट दर्ज की जा रही है। विशेषज्ञों का कहना है कि अगले तीन से चार दिनों तक ठंड से राहत मिलने की संभावना नहीं है। मौसम विभाग से जुड़े वैज्ञानिकों के मुताबिक, भले ही दिन में धूप निकल रही हो, लेकिन पछुआ हवाओं के कारण लोगों को ठिठुरन का एहसास हो रहा है। सुबह और रात के समय ठंड का असर सबसे ज्यादा देखा जा रहा है। बुजुर्गों, बच्चों और बीमार लोगों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। ठंड को देखते हुए पटना जिला प्रशासन ने आम लोगों से अपील की है कि वे अनावश्यक रूप से सुबह और देर रात घर से बाहर निकलने से बचें। साथ ही बच्चों को ठंड से बचाने के लिए गर्म कपड़े पहनाने और सतर्क रहने की सलाह दी गई है। पटना जिला प्रशासन का कहना है कि मौसम की स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है और जरूरत पड़ने पर आगे भी स्कूल बंद रखने की अवधि बढ़ाई जा सकती है। वहीं, भारतीय मौसम विज्ञान विभाग ने भी लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है। विभाग के अनुसार, कोहरा और कोल्ड-डे की स्थिति अभी बनी रह सकती है। ऐसे में वाहन चालकों को विशेष सावधानी बरतने और धीमी गति से वाहन चलाने की हिदायत दी गई है। बिहार इस समय भीषण ठंड और कोहरे की चपेट में है। प्रशासनिक फैसलों और मौसम विभाग की चेतावनियों से यह साफ है कि आने वाले कुछ दिन और चुनौतीपूर्ण हो सकते हैं। ऐसे में आम लोगों से अपील की जा रही है कि वे सरकारी निर्देशों का पालन करें और खुद को ठंड से सुरक्षित रखें।


