PMCH में चोरों का साम्राज्य : 4 एचआईवी पॉजिटिव मरीजों का मोबाइल और पैसा चोरी
पटना। बिहार के बड़े अस्पतालों में शुमार पीएमसीएच में सोमवार को हुई चोरी की चार घटनाओं ने सुरक्षा व्यवस्था की पोल खोल कर रख दी। हालांकि यह कोई नई बात नहीं है, यहां बच्चा चोरी तक की घटनाएं सामने आ चुकी है। वहीं पीएमसीएच के अंदर पुलिस चौकी होने के बावजूद पुलिस प्रशासन परिसर के अंदर चोरी की घटनाओं पर नकेल कसने में असमर्थ साबित हो रही है। सबसे आश्चर्य की बात तो यह है कि गांव देहात से आने वाले गरीब बीमार संक्रमित मरीजों का मुकदमा भी दर्ज नहीं किया जाता है, उन्हें समझाकर वापस भेज दिया जाता है। सोमवार को हुई इन घटनाओं में एक भी मामले में लिखा पढ़ी नहीं होने की बात सामने आ रही है।
मिली जानकारी के अनुसार पीएमसीएच के एआरटी सेंटर पर सोमवार को दवा लेने आए चार एचआईवी मरीजों का मोबाइल, पर्स, सोने की बाली और पैसे चोर उड़ा ले गए। चोर ने उक्त मरीजों के पास फूटी कौड़ी भी नहीं छोड़ी, जिसके कारण उन्हें घर जाने के लिए चंदा मांग कर पैसा इकट्ठा करना पड़ा। वह सभी मरीज पटना जिले के ही पटना, बख्तियारपुर, परसा और नौबतपुर से आए थे।
चंदा मांगकर जाना पड़ा घर
बख्तियारपुर से 13 साल का एक एचआईवी संक्रमित मरीज डाक्टरों की सलाह पर सोमवार को वह अपना चेकअप कराने पहुंचा था। दवा लेने पीएमसीएच के एआरटी सेंटर पहुंचा, उसका नंबर आने पर वह जैसे ही डॉक्टर के केबिन में गया, इतने में ही चोर उसके बैग लेकर नौ दो ग्यारह हो गए। डॉक्टर से दिखाने के बाद जब मरीज अपना बैग नदारद देखा तो उसके होश उड़ गए। बैग में मोबाइल, एटीएम कार्ड, आधार कार्ड के साथ इलाज के पैसे थे। जिसके कारण वह काफी घबरा गया और रोने लगा। घर जाने के लिए भी उसके पास पैसे नहीं थे, जिसके बाद घर जाने के लिए उसने चंदा मांगकर पैसे इकट्ठे किए। इसके अलावे एआरटी सेंटर में ही दवा लेने आई परसा और नौबतपुर की दो महिलाओं का भी सामान चोरों ने उड़ा लिया। एक महिला के कान के सोने की बाली और पैसा चोरी हो गया तो दूसरी महिला का पर्स चोर ले भागे। दोनों महिलाओं के पास कुछ नहीं बचा, जिससे वह घर जा सकें। इसी तरह पटना की एक महिला भी दवा लेने आई उसका भी पैसा चोरी हो गया।
एआरटी सेंटर में सुरक्षा की मांग
चोरी की घटना सामने आने के बाद एचआईवी संक्रमितों के लिए काम करने वाली बिहार नेटवर्क फार पीपुल्स लिविंग विथ एड्स सोसाइटी ने एआरटी सेंटर में सुरक्षा की मांग की है। संस्था का कहना है कि हर दिन चोरी की घटना हो रही है। यहां अराजक तत्वों की भीड़ होती है लेकिन उन्हें कोई रोकने वाला नहीं होता है।


