सावित्रीबाई फुले के जयंती समारोह में बोले डॉ. सत्यानंद- माला पहनाने वाला नहीं, माला पहनने वाला बनो
पटना। माला पहनाने वाला नहीं, माला पहनने वाला बनो। यह बात सोमवार को दरोगा राय पथ में महात्मा फुले स्मारक संस्थान में माली (मालाकार) कल्याण समिति द्वारा देश की प्रथम महिला शिक्षिका सावित्रीबाई फुले के जयंती समारोह में मुख्य अतिथि पद से बोलते हुए लोजपा (रामविलास) के वरिष्ट नेता डॉ. सत्यानंद शर्मा ने कहा।
उन्होंने कहा कि महिला सशक्तिकरण की नींव माता सावित्रीबाई फुले ने रखी थी। पाखंडवाद, रूढ़िवाद के विरुद्ध सार्थक संघर्ष किया था। माली समाज के पिछड़ेपन की चर्चा करते हुए कहा कि आजादी के 75 वर्षो के बाद भी माली समाज के लोग सत्ता से वंचित है। संसद और विधानमंडल में प्रतिनिधित्व शून्य है। जब तक आप की तस्वीर विधानमंडल और संसद में नहीं होगा, तब तक आप का तकदीर कोई नहीं बदलेगा। इस समाज को मुख्यधारा से जोड़ना होगा।
वहीं युवा के राष्ट्रीय महासचिव अनिल कुमार ने कहा कि समाज का विकास सरकार के भरोसे नहीं, समाज के भरोसे करना होगा। कार्यक्रम की अध्य्क्षता मनोज मालाकार ने किया। समारोह में मो. कमाल प्रवेज, मदन प्रसाद, राधा मोहन, रोहन भगत, संदीप मालाकार, रणधीर मालाकार, रवि कुमार गुप्ता ने अपने विचार व्यक्त किया।


