जरूरतमंदों को सुलभता से पास उपलब्ध करवाए नीतीश सरकार,कांग्रेस प्रवक्ता ने की मांग
पटना।बिहार सरकार के ताजा आदेश के अनुसार राज्य भर के सड़कों पर बगैर पास के कोई भी निजी अथवा सरकारी वाहन नहीं चल रही है।जरूरतमंदों के लिए पास बनाना भी आसान नहीं हो पा रहा है।ऐसे में बिहार प्रदेश कांग्रेस के प्रवक्ता राजेश राठौर में राज्य सरकार से आग्रह किया है कि थाना स्तर पर आवेदन स्वीकारें जाएं तथा जिला अथवा अनुमंडल स्तर से थाना के द्वारा ही प्रक्रिया पूरी कर जरूरतमंदों को पास उपलब्ध करवाई जाए।प्रदेश कांग्रेस प्रवक्ता ने कहा है कि सड़कों पर पुलिस की लाठियों के डर से गलियों तथा संपर्क पथों पर अवस्थित दुकानदार भी पास बनवाने के लिए बाहर नहीं निकल रहे हैं।वहीं मेडिकल मामलों में फंसे मरीजों के परिजन तथा अन्य वैसे लोग सरकारी नियमों के अनुसार पास मिलने चाहिए, उनके भी हालात कमोबेश वैसे ही हैं। उन्होंने सरकार से पूछा कि ऑनलाइन पास बनाने की जो व्यवस्था सरकार के द्वारा दी गई है।उसकी विस्तृत जानकारी जरूरतमंदों को नहीं है।वही बहुत सारे दुकानदारों का कहना है कि फॉर्म भरकर सबमिट करना भी बहुत मुश्किल हो रहा है। ऐसे में अगर कोई पास बनवाने के लिए सरकारी दफ्तर की ओर जाएगा तो रास्ते में कहीं ना कहीं उसे पुलिस की लाठियों का सामना भी करना ही पड़ेगा।ऐसे में गलियों तथा शहर के संपर्क पथों में अवस्थित दुकानों में सामान खत्म होने के कगार पर है।अगर थोक विक्रेताओं के यहां से खुदरा विक्रेताओं के यहां सामान नहीं पहुंचे तो आम जनता के घरों में चूल्हा जलने पर भी आफत आ जाएगा।बिहार प्रदेश कांग्रेस के प्रवक्ता राजेश राठौर ने कहा कि सरकार के बड़े नौकरशाह अचानक ही कोई फैसला ले लेते हैं।नियम के अनुसार पहले जरूरतमंदों के लिए सुलभता से पास उपलब्ध कराया जाता। उसके बाद बगैर पास के गाड़ियों के परिचालन पर प्रतिबंध लगाई जाती। मगर बिहार सरकार ने आमजनों के परेशानियों को दरकिनार करते हुए इस कठिन घड़ी में भी तुगलकी फरमान जारी करना बंद नहीं किया है।सरकार के द्वारा जारी ऐसे फरमान दर्शाते हैं की जनता से सरकार को कितना सरोकार है? बिहार प्रदेश कांग्रेस के प्रवक्ता राजेश राठौड़ ने राज्य के गृह सचिव बिहार पुलिस महानिदेशक तथा परिवहन आयुक्त से अनुरोध किया है कि जरूरतमंदों को यथाशीघ्र सुलभ तरीके से पास निर्गत किए जाएं। ताकि लॉक डाउन के इस कठिन परिस्थिति में भी आम जनों का जीवन सुचारू रूप से चलता रह सके।


