सारण में युवक की संदिग्ध मौत से सनसनी, शराब पीने की आशंका पर उठे सवाल
- बीमार पड़ने के बाद अस्पताल ले जाते समय रास्ते में हुई मौत, परिवार ने शराब पीने की जताई आशंका
- डॉक्टर और पुलिस के बयान अलग-अलग, प्रशासन ने बीमारी और लीवर खराब होने की संभावना बताई
सारण। जिले के मशरख थाना क्षेत्र के तख्त गांव में एक युवक की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत ने इलाके में सनसनी फैला दी है। मृतक की पहचान संतोष महतो के रूप में हुई है, जो पेशे से पेंटर थे और मजदूरी कर अपने परिवार का भरण-पोषण करते थे। घटना के बाद परिवार में शोक का माहौल है, वहीं मौत के कारण को लेकर अलग-अलग दावे सामने आने से मामले ने और भी गंभीर रूप ले लिया है। मृतक की पत्नी लालमुनि देवी ने बताया कि मंगलवार की रात संतोष घर लौटे थे। उन्होंने घर में दूध और रोटी खाई और सो गए। लेकिन अगले दिन सुबह उठते ही उन्होंने पेट में तेज दर्द होने और आंखों से दिखाई नहीं देने की शिकायत की। इसके बाद वे नदी किनारे शौच के लिए गए, जहां उन्हें कई बार उल्टियां होने लगीं। स्थिति गंभीर होते देख परिवार के लोग तुरंत उन्हें इलाज के लिए मशरख सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले गए। परिजनों के अनुसार अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने उनकी हालत गंभीर देखते हुए उन्हें बेहतर इलाज के लिए छपरा सदर अस्पताल भेज दिया। एंबुलेंस से उन्हें छपरा ले जाया जा रहा था, लेकिन रास्ते में ही उनकी हालत और बिगड़ती चली गई। अस्पताल पहुंचने के बाद डॉक्टरों ने जांच की, लेकिन तब तक उनकी मौत हो चुकी थी। मृतक के भतीजे ने बताया कि संतोष महतो मंगलवार को कहीं से शराब पीकर घर आए थे। रात में उनकी तबीयत खराब हो गई और उन्हें लगातार उल्टियां होने लगीं। सुबह हालत और बिगड़ने के बाद उन्हें अस्पताल ले जाया गया। परिवार के लोगों का कहना है कि गांव में बाद में यह चर्चा भी हुई कि संतोष ने संभवतः स्प्रिट पी ली थी, हालांकि परिजनों ने इसे अपनी आंखों से नहीं देखा है। मशरख सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र की डॉक्टर ललिता कुमारी ने बताया कि इलाज के दौरान संतोष ने खुद शराब पीने की बात बताई थी। उन्होंने कहा कि यह जानकारी इलाज के दौरान पर्ची में भी दर्ज की गई थी। हालांकि पुलिस का कहना है कि मामले की जांच अभी जारी है। मशरख के पुलिस अनुमंडल पदाधिकारी संजय कुमार सुधांशु ने कहा कि फिलहाल शराब पीने से मौत की पुष्टि नहीं हुई है। उनके अनुसार पहली नजर में लीवर खराब होने की आशंका भी सामने आ रही है, इसलिए पूरे मामले की जांच की जा रही है। इस बीच जिला जनसंपर्क पदाधिकारी रविंद्र कुमार ने बताया कि प्रारंभिक जांच में यह जानकारी सामने आई है कि मृतक पिछले कुछ दिनों से मानसिक तनाव में था और उसकी तबीयत पहले से खराब चल रही थी। उन्होंने कहा कि मृतक को लीवर से जुड़ी समस्या सहित अन्य बीमारियां भी थीं और इसी वजह से उसकी हालत बिगड़ती गई। घटना के बाद गांव में भय और चर्चा का माहौल बना हुआ है। स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि इलाके में समय-समय पर इस तरह की घटनाएं सामने आती रहती हैं। कई बार लोग शराब या अन्य नशीले पदार्थों का सेवन करने के बाद अचानक बीमार पड़ जाते हैं। ग्रामीणों का यह भी कहना है कि शराबबंदी कानून लागू होने के बावजूद अवैध शराब या स्प्रिट का सेवन पूरी तरह बंद नहीं हुआ है। लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि अवैध शराब के कारोबार पर सख्ती से कार्रवाई की जाए ताकि इस तरह की घटनाओं को रोका जा सके। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और मौत के सही कारणों का पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है।


