विधान परिषद में विपक्ष का प्रदर्शन, राबड़ी देवी बोली- बहरी हुई सरकार, जनता के दुख और दर्द से कोई मतलब नहीं
पटना। बिहार विधानमंडल के बजट सत्र के दौरान गुरुवार को विधान परिषद परिसर के बाहर विपक्षी दलों ने राज्य में बढ़ते अपराध के मुद्दे पर जोरदार प्रदर्शन किया। परिषद की कार्यवाही शुरू होने से पहले विपक्षी सदस्य मुख्य द्वार पर एकत्रित हुए और हाथों में तख्तियां लेकर सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। इस दौरान विरोधी दल की नेता राबड़ी देवी ने राज्य सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए कानून व्यवस्था की स्थिति को लेकर गंभीर सवाल उठाए। विधान परिषद की कार्यवाही शुरू होने से पहले ही परिसर के बाहर राजनीतिक माहौल गरमा गया। विपक्षी सदस्यों ने आरोप लगाया कि राज्य में अपराध की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं, लेकिन सरकार प्रभावी कदम उठाने में विफल साबित हो रही है। प्रदर्शनकारी सदस्यों का कहना था कि हत्या, लूट, दुष्कर्म और अन्य आपराधिक घटनाएं आम होती जा रही हैं, जिससे आम नागरिकों में भय का वातावरण है। विरोध प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहीं राबड़ी देवी ने कहा कि बिहार में प्रतिदिन गंभीर आपराधिक घटनाएं सामने आ रही हैं और सरकार इन घटनाओं पर मौन बनी हुई है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार जनता के दुख और दर्द से बेपरवाह हो गई है। उनके शब्दों में सरकार बहरी हो चुकी है और उसे आम लोगों की समस्याओं से कोई सरोकार नहीं रह गया है। उन्होंने यह भी कहा कि देश और बिहार में कानून व्यवस्था की स्थिति चिंताजनक है। विपक्षी सदस्यों ने नारेबाजी करते हुए सरकार से अपराध नियंत्रण के लिए ठोस रणनीति अपनाने की मांग की। प्रदर्शन के दौरान तख्तियों पर कानून व्यवस्था सुधारने और अपराधियों पर सख्त कार्रवाई करने की मांग लिखी गई थी। कुछ सदस्यों ने कहा कि अपराधी खुलेआम वारदातों को अंजाम दे रहे हैं और प्रशासन की पकड़ कमजोर पड़ती दिख रही है। बजट सत्र के दौरान एक ओर जहां विधानसभा में विपक्ष सरकार को विभिन्न मुद्दों पर घेरने की कोशिश कर रहा है, वहीं विधान परिषद में भी इसी प्रकार का माहौल बना हुआ है। विपक्ष का कहना है कि सरकार को आंकड़ों के बजाय जमीनी हकीकत पर ध्यान देना चाहिए। उनका आरोप है कि पुलिस प्रशासन अपराध पर अंकुश लगाने में प्रभावी नहीं हो पा रहा है। राबड़ी देवी ने मीडिया से बातचीत में कहा कि जनता असुरक्षित महसूस कर रही है और सरकार केवल औपचारिक बयानबाजी तक सीमित है। उन्होंने कहा कि यदि सरकार समय रहते सख्त कदम नहीं उठाती है तो स्थिति और गंभीर हो सकती है। विपक्ष ने मांग की कि अपराध की घटनाओं की समीक्षा कर जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई की जाए। हालांकि सरकार की ओर से इस प्रदर्शन पर तत्काल कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। इससे पहले भी राज्य में अपराध को लेकर विपक्ष और सरकार के बीच तीखी बहस होती रही है। सरकार का दावा रहा है कि अपराध नियंत्रण के लिए निरंतर अभियान चलाया जा रहा है और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है। गौरतलब है कि बजट सत्र के दौरान विपक्ष अक्सर जनहित के मुद्दों को लेकर आक्रामक रुख अपनाता है। इस बार कानून व्यवस्था का मुद्दा प्रमुखता से उठाया जा रहा है। आने वाले दिनों में सदन के भीतर भी इस विषय पर तीखी बहस होने की संभावना है। फिलहाल विधान परिषद परिसर के बाहर हुआ यह प्रदर्शन राजनीतिक हलकों में चर्चा का विषय बना हुआ है। विपक्ष ने स्पष्ट संकेत दिया है कि वह कानून व्यवस्था के मुद्दे पर सरकार को घेरने का प्रयास जारी रखेगा, जबकि सरकार के जवाब और आगामी कदमों पर सभी की नजरें टिकी हैं।


