पटना में नागेंद्र पासवान विकल की अध्यक्षता में कांग्रेसियों की हुई बैठक, बिहार कांग्रेस को दुर्दशा से बाहर निकालने की बनी रूपरेखा
पटना। समर्पित कांग्रेस जनों की एक विस्तारित बैठक आज पटना में कांग्रेस नेता नागेंद्र पासवान विकल की अध्यक्षता में संपन्न हुई। बैठक में बिहार कांग्रेस को उसकी दुर्दशा से उबारनें के लिए भविष्य की रूपरेखा एवं कार्यक्रम तय किया गया। इस संदर्भ में पूर्व विधायक छत्रपति यादव नें पटना में एक महासम्मेलन का प्रस्ताव दिया। साथ ही साथ उन्होनें इस बात पर जोर दिया कि इसके लिये जिलेवार बैठक करनें की जरूरत है। उन्होंने कहा कि बिहार कांग्रेस को बचानें का एक मात्र उपाय है कि हम जिले स्तर पर संगठित हों। इस अवसर पर बोलते हुए अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के सदस्य आनंद माधव ने कहा कि पहले टिकट बंटवारे में लूट हुआ था। अब संगठन सृजन के नाम पर लूट मचेगा। दलालों की फौज आ चुकी है। उन्होंने कहा कि आलाकमान को यह समझना होगा कि विश्वसनीयता खो देनें वाली टीम के नेतृत्व में किया गया कोई भी कार्य सफल नहीं हो सकता है।जिन लोगों ने टिकट बेचा है।आज वही अध्यक्ष पद बेचेंगे। इसलिए बिना विलंब के प्रभारी कृष्णा अल्लावरू एवं राजेश राम को हटाना होगा। यही नहीं सिंडिकेट पर भी कड़ी नजर रखनी होगी।बैठक में सर्वसम्मति से यह निर्णय लिया गया कि आगामी 17 मार्च को पटना में एक बिहार कांग्रेस बचाओ महासम्मेलन का आयोजन किया जायेगा। उसके पहले 7 फरव़री से ही समर्पित कांग्रेसियों की टीम बिहार के सभी चालीस राजनीतिक जिलों कर दौरा कर वहॉं बैठक करेगी। वरीय नेता राजकुमार राजन ने कहा कि ना पद की चिंता है और ना चुनाव की बस चिंता है तो कांग्रेस को बचानें की। इसके लिये जो भी हन पड़ेगा करेंगे। इस अवसर पर पूर्व विधायक बंटी चौधरी, वरीय कांग्रेस नेता मधुरेंद्र कुमार सिंह, बिहार कांग्रेस के पूर्व कोषाध्यक्ष निर्मल वर्मा, प्रद्युमन राय, जिला पार्षद सायरा बानो, कंकडबाग के पार्षद कुमार संजीत, पूर्व जिला अध्यक्ष शौकत अली, विधुशेखर पांडेय, बिहार कांग्रेस के पूर्व महासचिव, कैसर खान, प्रद्युमन यादव, उर्मिला सिन्हा नीलू, रेखा पटेल, रमेश सिंह, यशवंत कुमार चमन, अजय प्रताप सिंह, वसी अख्तर, औरंगाबाद से धीरेंद्र प्रताप सिंह, मुंगेर से आलोक हर्ष, पश्चिमी चंपारण से बिहारी राम, भोजपुर से सतेंद्र नारयण सिन्हा, हाजीपुर से श्याम बाबू पासवान, गोपालगेज से राजकुमार मॉंझी, वैशाली से इंजिनियर प्रेम कुमार प्रमुख, सुदय कुमार, विशाल झा, मो़ फिरोज आदि ने भी अपनें विचार प्रकट किये। नेताओं ने बैठक में आरोप लगाया कि बिहार में कांग्रेस आज सबसे निचले पायदान पर है, फिर भी इसके जिम्मेदार लोग प्रमुख पदों पर काबिज हैं। सदाकत आश्रम जमानत जब्त नेताओं का अड्डा बना हुआ है। कोई भी सच्चा कांग्रैसी आज सदाक़त जानें में परहेज कर रहा है। बैठक में विभिन्न जिलों में सौ से अधिक लोगों ने भाग लिया तथा यह प्रण लिया कि हम सर पर कफन बॉंध कर निकलै हैं, अंतिम सॉंस तक लड़ाई लडे़गें। इस अवसर पर बिहार कांग्रेस खेल विभाग के अध्यक्ष प्रद्युम्न यादव ने भोज का भी आयोजन किया था।


