February 14, 2026

राज्य के घरेलू गैस उपभोक्ताओं को बायोमेट्रिक प्रमाणीकरण कराना अनिवार्य, नही बंद होगी सब्सिडी की राशी

पटना। डीबीटी से जुड़े सभी घरेलू गैस उपभोक्ताओं को अपना बायोमेट्रिक प्रमाणीकरण कराना होगा, अन्यथा आने वाले दिनों में उन्हें मिलने वाली सब्सिडी से वंचित रहना पड़ सकता है। इसको लेकर भारत सरकार के तेल और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने आवश्यक निर्देश जारी किया है। जारी निर्देश में बताया गया है कि प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना व सामान्य गैस उपभोक्ताओं को बायोमेट्रिक प्रमाणीकरण कराना अनिवार्य है। इसके लिए उपभोक्ताओं को संबंधित वितरक के पास जाकर ई-केवाईसी कराना होगा। वहीं, केंद्र सरकार द्वारा निर्देश जारी किए जाने के बाद से गैस एजेंसियों द्वारा इस संबंध में कार्य भी शुरू कर दिया गया है। बता दें कि जिले में करीब तीन लाख से अधिक गैस उपभोक्ता हैं। जबकि विभिन्न कंपनियों के करीब दो दर्जन से अधिक एजेंसियां संचालित हैं। इसमें भारत पेट्रोलियम यानी भारत गैस, हिंदुस्तान पेट्रोलियम, आईओसी यानी इंडेन गैस के एजेंसी शामिल हैं। आनंदश्री भारत गैस एजेंसी के संचालक चंद्रमोहन कुमार सहित अन्य संचालकों ने बताया कि बायोमैट्रिक प्रणाली से गैस की कालाबाजारी और सब्सिडी के दुरुपयोग को रोका जा सकेगा।
प्रमाणीकरण के लिए ये चीजें जरूरी
प्रमाणीकरण के लिए उपभोक्ता को अपना आधार कार्ड, गैस कार्ड व रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर होना अनिवार्य है। बताया कि वर्तमान में प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के उपभोक्ताओं को एक घरेलू गैस सिलेंडर की खरीदारी पर 372 रुपये की सब्सिडी बैंक खाते में उपलब्ध कराई जाती है। जबकि सामान्य उपभोक्ताओं को खाते में 72 रुपये प्राप्त होता है।

You may have missed