BIHAR : महागठबंधन में सीट बंटवारे को लेकर सिर फुटौव्वल की नौबत, कांग्रेस का सख्त रुख
पूर्वी चंपारण। बिहार महागठबंधन में बिहार विधानसभा चुनाव को लेकर सीटों के बंटवारे को लेकर सिर फुटौव्वल की नौबत आ गई है। जहां एक ओर राजद गुपचुप तरीके से चुनाव प्रचार शुरू कर दी है तो दूसरी ओर कांग्रेस भी अब खुलकर सामने आ गई है। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता सह विधानसभा में विधायक दल के नेता सदानंद सिंह ने गुरुवार को एक बार फिर से कहा कि कांग्रेस विधानसभा चुनाव में गठबंधन की पक्षधर है। मगर, उसे हर हाल में सम्मानजनक सीटें चाहिए। इसके लिए हमने राज्य के विभिन्न जिलों में विधानसभावार अपनी मजबूती की समीक्षा की है। इसकी रिपोर्ट पार्टी हाईकमान को भेजी जाएगी। सर्वे रिपोर्ट भेजने के बाद आलाकमान का जो आदेश होगा, पार्टी उसके अनुसार सीटों को लेकर बात करेगी। वे यहां एक दिवसीय दौरे पर परिसदन में पत्रकारों से बात कर रहे थे।
बता दें मीडिया रिपोर्ट के अनुसार राजद 150 सीटे तय पर तैयारी शुरू कर दी है, जबकि कांग्रेस 80 सीटों पर चुनाव लड़ने की बात कह रही है। अगर ऐसे में बिहार के 243 सीटों में बचे 230 सीटें इन दोनों पार्टी की झोली में जाती है तो महागठबंधन के अन्य सहयोगी दल हम, रालोसपा और वीआईपी पार्टी के लिए मात्र 13 सीट बचता है, अगर यह शेष 13 सीट का बंटवारा तीनों पार्टियों के बीच होता है तो यह 5+4+4 का आंकड़ा बैठता है। ऐसे में सवाल उठता है कि क्या तीनों पार्टियां इससे संतुष्ट हो पाएगी।
इस दौरान सदानंद सिंह कहा कि नीतीश सरकार के विकास की गाथा अब उद्धाटन के साथ ध्वस्त हो रही एप्रोच सड़कें सुना रही हैं। सूबे की जनता सब देख रही है। जनता बाढ़ व कोरोना से परेशान है, लेकिन नीतीश कुमार को केवल समय पर चुनाव कराने की फिक्र है। कोरोना संक्रमण के कारण पूरे देश में सर्वाधिक युवाओं का रोजगार छिन गया है।


