प्रदेश के शहरी क्षेत्रों के भीड़-भाड़ जगहों पर बनेगा फुटपाथ, पैदल चलने वाले को मिलेगी सुविधा, नीतीश ने दी जानकारी
पटना। बिहार में पैदल चलने वालों की सुरक्षा और सुविधा को लेकर राज्य सरकार ने बड़ा कदम उठाने का फैसला किया है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने जानकारी दी है कि राज्य के शहरी क्षेत्रों में विशेषकर भीड़-भाड़ वाले स्थानों को चिह्नित कर वहां फुटपाथ बनाए जाएंगे। इसके साथ ही पैदल यात्रियों की सुरक्षित आवाजाही सुनिश्चित करने के लिए कई अन्य अहम व्यवस्थाएं भी लागू की जाएंगी। मुख्यमंत्री ने शनिवार सुबह अपने सामाजिक माध्यम मंच ‘एक्स’ पर पोस्ट के जरिए यह जानकारी साझा की।
सबका सम्मान, जीवन आसान अभियान के तहत फैसला
मुख्यमंत्री ने बताया कि यह निर्णय सबका सम्मान, जीवन आसान अभियान के अंतर्गत लिया गया है। उन्होंने कहा कि सड़क पर पैदल चलने वाले लोगों को सुरक्षित, सम्मानजनक और सुविधाजनक वातावरण देना सरकार की प्राथमिकता है। इसी सोच के तहत राज्य के सभी संबंधित विभागों और अधिकारियों को आवश्यक निर्देश जारी कर दिए गए हैं, ताकि योजनाओं को जमीन पर तेजी से उतारा जा सके।
भीड़-भाड़ वाले इलाकों में फुटपाथ निर्माण
नीतीश कुमार ने कहा कि शहरी क्षेत्रों में कई ऐसे स्थान हैं, जहां भारी भीड़ और वाहनों का दबाव रहता है। इन जगहों पर फुटपाथ न होने के कारण पैदल यात्रियों को सड़क पर चलना पड़ता है, जिससे दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ जाता है। इसे देखते हुए राज्य सरकार ने ऐसे सभी स्थानों को चिन्हित कर यथाशीघ्र फुटपाथ बनाने का निर्देश दिया है। इससे पैदल चलने वालों को अलग और सुरक्षित रास्ता मिलेगा।
जेब्रा क्रॉसिंग से मिलेगी सड़क पार करने में सुविधा
मुख्यमंत्री ने यह भी बताया कि सड़कों पर पैदल यात्रियों की सुविधा के लिए चिन्हित जगहों पर जेब्रा क्रॉसिंग बनाए जाएंगे। इससे लोगों को सड़क पार करने में आसानी होगी और वाहन चालकों को भी यह स्पष्ट संकेत मिलेगा कि यहां पैदल यात्रियों को प्राथमिकता देनी है। सरकार का मानना है कि जेब्रा क्रॉसिंग जैसी बुनियादी व्यवस्था से दुर्घटनाओं में उल्लेखनीय कमी लाई जा सकती है।
ब्लैक स्पॉट पर विशेष ध्यान
ग्रामीण और शहरी इलाकों में जहां सड़क दुर्घटनाओं की संभावना अधिक रहती है, उन स्थानों को ब्लैक स्पॉट के रूप में चिन्हित किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिया है कि ऐसे स्थानों पर पैदल यात्रियों के लिए फुटपाथ का निर्माण किया जाए और निगरानी के लिए सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएं। कैमरों से मिलने वाले आंकड़ों के आधार पर स्थिति का आकलन किया जाएगा और आवश्यक सुधारात्मक कदम उठाए जाएंगे।
फुट ओवर ब्रिज और अंडरपास की व्यवस्था
मुख्यमंत्री ने कहा कि कुछ स्थानों पर केवल फुटपाथ और जेब्रा क्रॉसिंग पर्याप्त नहीं होते। ऐसे में पैदल यात्रियों की सुविधा के लिए फुट ओवर ब्रिज, एस्केलेटर और अंडरपास बनाए जाएंगे। इससे व्यस्त सड़कों और चौराहों पर लोगों को सुरक्षित तरीके से एक तरफ से दूसरी तरफ जाने में मदद मिलेगी। खासकर बुजुर्गों, बच्चों और दिव्यांगों के लिए यह व्यवस्था बेहद उपयोगी साबित होगी।
वाहन चालकों को दिया जाएगा प्रशिक्षण
सरकार ने सड़क सुरक्षा को लेकर एक और महत्वपूर्ण कदम उठाया है। मुख्यमंत्री ने बताया कि सभी सरकारी और निजी वाहन चालकों को विशेष प्रशिक्षण देने का निर्देश दिया गया है। इसका उद्देश्य यह है कि वाहन चालक सड़कों पर पैदल चलने वाले लोगों के अधिकारों के प्रति संवेदनशील बनें। प्रशिक्षण के माध्यम से उन्हें यह समझाया जाएगा कि सड़क केवल वाहनों के लिए नहीं, बल्कि पैदल यात्रियों के लिए भी है।
नई सरकार और सात निश्चय-3 की दिशा
मुख्यमंत्री ने अपने पोस्ट में यह भी बताया कि 20 नवंबर 2025 को राज्य में नई सरकार के गठन के बाद सात निश्चय-3 कार्यक्रमों को लागू किया गया है। सात निश्चय-3 (2025-30) के सातवें निश्चय ‘सबका सम्मान-जीवन आसान’ के तहत राज्य के सभी नागरिकों के दैनिक जीवन को बेहतर और सरल बनाने के लिए लगातार काम किया जा रहा है। पैदल यात्रियों की सुविधा से जुड़े ये फैसले इसी व्यापक सोच का हिस्सा हैं।
बढ़ते वाहनों से बढ़ी चुनौती
नीतीश कुमार ने कहा कि बिहार तेजी से विकास के पथ पर आगे बढ़ रहा है। राज्यवासियों की आमदनी बढ़ रही है, जिसके कारण सड़कों पर दोपहिया और चारपहिया वाहनों की संख्या लगातार बढ़ रही है। हालांकि बढ़ते वाहनों की वजह से पैदल चलने वाले लोगों को कई तरह की असुविधाओं का सामना करना पड़ता है। ऐसे में पैदल यात्रियों के अधिकारों की रक्षा करना और उन्हें सुरक्षित वातावरण देना जरूरी हो गया है।
परिवहन विभाग को सख्त निर्देश
मुख्यमंत्री ने बताया कि परिवहन विभाग को इस दिशा में कई महत्वपूर्ण निर्देश दिए गए हैं। उद्देश्य यह है कि सड़कों पर पैदल चलने वाले लोगों को किसी भी प्रकार की परेशानी न हो। विभाग को निर्देश दिया गया है कि वह इन योजनाओं की नियमित निगरानी करे और समय पर कार्य पूरा कराए।
सड़क सुरक्षा में आएगा सुधार
सरकार का मानना है कि फुटपाथ, जेब्रा क्रॉसिंग, फुट ओवर ब्रिज, अंडरपास और सीसीटीवी जैसी व्यवस्थाओं से सड़क सुरक्षा में बड़ा सुधार आएगा। इससे न केवल दुर्घटनाओं में कमी आएगी, बल्कि पैदल यात्रियों को भी सम्मान और सुरक्षा का एहसास होगा। बिहार सरकार का यह फैसला शहरी और ग्रामीण दोनों क्षेत्रों में पैदल चलने वालों के लिए राहत भरा साबित हो सकता है। आने वाले समय में जब ये योजनाएं जमीन पर उतरेंगी, तब सड़कों पर पैदल यात्रियों की स्थिति में सकारात्मक बदलाव देखने को मिलेगा।


