मोतिहारी में सेक्स रैकेट का भंडाफोड़, चार महिलाओं समेत दो लड़के गिरफ्तार, फोन से होती थी डील
मोतिहारी। शहर में देह व्यापार के एक संगठित गिरोह का पुलिस ने भंडाफोड़ किया है। छापेमारी के दौरान एक मकान से चार महिलाओं और दो पुरुषों को आपत्तिजनक हालत में गिरफ्तार किया गया। पुलिस ने मौके से नकद राशि, कंडोम, कथित शक्तिवर्धक दवाएं, एक स्कैनर मशीन और कई आधार कार्ड बरामद किए हैं। मामले में गिरोह के नेटवर्क और अन्य संभावित ठिकानों की जांच शुरू कर दी गई है।
गुप्त सूचना पर हुई कार्रवाई
पुलिस को सूचना मिली थी कि सोना मती मंदिर के पास स्थित एक मकान में अवैध गतिविधियां चल रही हैं। स्थानीय लोगों ने भी वहां संदिग्ध आवाजाही की शिकायत की थी। जानकारी की पुष्टि के बाद पुलिस टीम ने योजनाबद्ध तरीके से छापेमारी की। जैसे ही पुलिस मकान के अंदर पहुंची, एक कमरे में चार महिलाएं और दो पुरुष मिले। पुलिस को देखते ही वहां मौजूद लोगों ने भागने की कोशिश की, लेकिन टीम ने सभी को हिरासत में ले लिया।
मौके से आपत्तिजनक सामग्री बरामद
छापेमारी के दौरान कमरे से कंडोम, कथित शक्तिवर्धक दवाएं और नकद राशि बरामद की गई। इसके अलावा एक स्कैनर मशीन और कई आधार कार्ड भी मिले हैं। पुलिस इन दस्तावेजों की जांच कर रही है कि उनका उपयोग किस उद्देश्य से किया जा रहा था। अधिकारियों का कहना है कि बरामद सामग्री से यह संकेत मिलता है कि वहां व्यवस्थित तरीके से देह व्यापार संचालित किया जा रहा था।
फोन पर होती थी डील
पुलिस के अनुसार गिरोह का कथित सरगना ग्राहकों से सीधे संपर्क में रहता था। डील मोबाइल फोन के जरिए तय की जाती थी। पहले ग्राहकों को महिलाओं की तस्वीरें भेजी जाती थीं। पसंद आने पर अग्रिम राशि ली जाती थी और उसके बाद ग्राहक को तय स्थान पर बुलाया जाता था। शुरुआती जांच में सामने आया है कि 3 से 4 हजार रुपये तक में सौदा तय किया जाता था। बताया जा रहा है कि ग्राहकों की मांग के अनुसार बाहर से भी महिलाओं को बुलाया जाता था। कुछ महिलाओं के अन्य राज्यों और नेपाल से लाए जाने की आशंका है। पुलिस इस पहलू की भी जांच कर रही है कि कहीं यह मामला मानव तस्करी से तो जुड़ा नहीं है।
मोबाइल डिटेल खंगाल रही पुलिस
गिरफ्तार लोगों के मोबाइल फोन जब्त कर लिए गए हैं। पुलिस कॉल डिटेल रिकॉर्ड और चैट हिस्ट्री की जांच कर रही है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि नेटवर्क कितने लोगों तक फैला हुआ है। अधिकारियों का कहना है कि इस गिरोह के तार अन्य शहरों से भी जुड़े हो सकते हैं। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि मकान किराए पर लिया गया था या किसी स्थानीय व्यक्ति की मिलीभगत से यह गतिविधि चल रही थी। आसपास के लोगों से पूछताछ की जा रही है, ताकि यह पता चल सके कि यह धंधा कब से चल रहा था।
स्थानीय लोगों में आक्रोश
मामले के उजागर होने के बाद आसपास के इलाकों में चर्चा तेज हो गई है। स्थानीय लोगों का कहना है कि उन्हें लंबे समय से वहां संदिग्ध गतिविधियों का शक था। रोजाना अलग-अलग लोगों का आना-जाना लगा रहता था। शिकायत के बाद पुलिस की कार्रवाई से इलाके के लोगों ने राहत की सांस ली है।
आगे की कार्रवाई
पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है। गिरफ्तार महिलाओं और पुरुषों से पूछताछ जारी है। पुलिस यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही है कि गिरोह का मुख्य संचालक कौन है और क्या अन्य लोग भी इसमें शामिल हैं।अधिकारियों ने कहा है कि देह व्यापार और संभावित मानव तस्करी जैसे मामलों पर सख्ती से कार्रवाई की जाएगी। यदि जांच में अन्य ठिकानों या सहयोगियों का पता चलता है तो वहां भी छापेमारी की जाएगी। फिलहाल पुलिस पूरे नेटवर्क को खंगालने में जुटी है। मोबाइल डेटा और बरामद दस्तावेजों के आधार पर आगे की कड़ियां जोड़ी जा रही हैं। इस कार्रवाई को मोतिहारी में अवैध गतिविधियों के खिलाफ बड़ी सफलता माना जा रहा है।


