जनता पीएम मोदी के विजन के साथ, महाराष्ट्र और झारखंड में एनडीए की जीत होगी : उपेंद्र कुशवाहा
- झारखंड में नीतीश के प्रचार न करने से कोई फर्क नहीं पड़ेगा, हम सब मिलकर दोनों जगह जीतेंगे
पटना। झारखंड और महाराष्ट्र में विधानसभा चुनावों के लिए मतदान के बीच राष्ट्रीय लोक मोर्चा के अध्यक्ष और राज्यसभा सांसद उपेंद्र कुशवाहा ने एनडीए की जीत का दावा किया है। उन्होंने कहा कि देश की जनता प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विजन और एनडीए की नीतियों के साथ खड़ी है। कुशवाहा ने झारखंड और महाराष्ट्र में एनडीए की सत्ता वापसी की बात करते हुए विपक्ष को कमजोर और भ्रमित बताया।
एनडीए की जीत का विश्वास
उपेंद्र कुशवाहा ने कहा कि झारखंड और महाराष्ट्र में एनडीए का प्रदर्शन शानदार रहेगा। झारखंड में फिलहाल इंडिया गठबंधन की सरकार है, लेकिन कुशवाहा ने दावा किया कि एनडीए वहां सत्ता में आएगा। उन्होंने कहा, “झारखंड में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के चुनाव प्रचार में नहीं जाने से कोई फर्क नहीं पड़ेगा। जनता एनडीए के साथ है और यह साफ है कि झारखंड में भी एनडीए की सरकार बनेगी। महाराष्ट्र के संदर्भ में भी उन्होंने विश्वास जताया कि एनडीए को जनता का समर्थन मिलेगा। उनका कहना है कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में एनडीए की नीतियों को जनता ने पसंद किया है।
विपक्ष के आरोपों पर पलटवार
महाराष्ट्र चुनाव के दौरान कैशकांड में बीजेपी के बिहार प्रभारी विनोद तावड़े का नाम सामने आने पर कुशवाहा ने विपक्ष पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि विपक्ष केवल आरोप लगाने की राजनीति करता है। “बीजेपी ने पहले ही इस मामले में अपनी स्थिति स्पष्ट कर दी है। विपक्ष चाहे जितना भी शोर मचाए, इससे एनडीए पर कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा। जनता सच्चाई जानती है और वही सही फैसला करेगी,” उन्होंने कहा।
नीतीश कुमार के प्रचार नहीं करने पर सफाई
झारखंड में नीतीश कुमार के प्रचार में हिस्सा नहीं लेने के सवाल पर कुशवाहा ने इसे महत्वहीन बताया। उन्होंने कहा, “मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का प्रचार में भाग नहीं लेना गठबंधन में मतभेद का संकेत नहीं है। एनडीए का नेतृत्व प्रधानमंत्री मोदी कर रहे हैं और उनकी लोकप्रियता काफी है। झारखंड में एनडीए की जीत सुनिश्चित है।”
एनडीए बनाम विपक्ष: जनता का रुख
उपेंद्र कुशवाहा ने कहा कि एनडीए की नीतियां और विकास के प्रति इसकी प्रतिबद्धता जनता को आकर्षित कर रही हैं। “प्रधानमंत्री मोदी के विजन और योजनाओं ने जनता के दिल में जगह बनाई है। चाहे वह गरीबों के लिए कल्याणकारी योजनाएं हों या इंफ्रास्ट्रक्चर का विकास, एनडीए सरकार ने हर क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य किए हैं,” कुशवाहा ने कहा। उन्होंने विपक्ष पर कटाक्ष करते हुए कहा कि इंडिया गठबंधन के पास कोई ठोस एजेंडा नहीं है। “वे केवल आरोप और विरोध की राजनीति करते हैं। उनके पास जनता को देने के लिए कोई ठोस योजना नहीं है,” उन्होंने जोड़ा।
चुनावों में एनडीए की रणनीति
महाराष्ट्र और झारखंड में एनडीए ने अपने गठबंधन के तहत सीटों का बंटवारा और प्रचार अभियान संचालित किया है। महाराष्ट्र में बीजेपी और शिवसेना (शिंदे गुट) का गठबंधन है, जबकि झारखंड में बीजेपी मुख्य भूमिका निभा रही है। एनडीए ने स्थानीय मुद्दों के साथ-साथ राष्ट्रीय मुद्दों को भी अपने चुनाव प्रचार का हिस्सा बनाया है।
जनता की उम्मीदें और चुनावी परिणाम
दोनों राज्यों में जनता का फैसला एनडीए और विपक्ष के भविष्य के लिए महत्वपूर्ण होगा। झारखंड में आदिवासी और ग्रामीण मतदाता निर्णायक भूमिका निभाते हैं, जबकि महाराष्ट्र में शहरी और ग्रामीण दोनों क्षेत्रों की महत्वपूर्ण भागीदारी है। उपेंद्र कुशवाहा का दावा है कि जनता एनडीए के साथ खड़ी है, लेकिन मतदान और परिणाम ही तय करेंगे कि यह विश्वास कितना ठोस है। महाराष्ट्र और झारखंड में विधानसभा चुनावों के दौरान एनडीए और विपक्ष के बीच कड़ी टक्कर देखने को मिल रही है। उपेंद्र कुशवाहा का दावा है कि एनडीए की जीत तय है, लेकिन यह देखना दिलचस्प होगा कि जनता का फैसला क्या होता है। एनडीए का विकास-आधारित एजेंडा और विपक्ष की आलोचना के बीच, दोनों राज्यों के नतीजे भारतीय राजनीति के लिए अहम साबित हो सकते हैं।


