समीक्षा बैठक में CM नीतीश ने दिए निर्देश, युवाओं के और बेहतर तकनीकी प्रशिक्षण की करें व्यवस्था
पटना। मंगलवार को बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने 1, अणे मार्ग स्थित संकल्प में श्रम संसाधन तथा विज्ञान एवं प्रावैद्यिकी विभाग की समीक्षा बैठक की। समीक्षा के दौरान आत्मनिर्भर बिहार के सात निश्चय पार्ट-2 के तहत श्रम संसाधन तथा विज्ञान एवं प्रावैद्यिकी विभाग से कार्यान्वित होने वाली योजनाओं पर विस्तृत चर्चा हुई।
युवाओं को और बेहतर तकनीकी प्रशिक्षण की व्यवस्था करें
इस दौरान सीएम नीतीश ने कहा कि बिहार में युवाओं के लिए कई कार्यक्रम चलाए गए हैं। युवाओं को रोजगार में मदद करने हेतु स्वयं सहायता भत्ता योजना, युवाओं को कंप्यूटर, संवाद कौशल एवं व्यवहार कौशल का प्रशिक्षण दिया गया है। उन्होंने कहा कि युवाओं को और बेहतर तकनीकी प्रशिक्षण की व्यवस्था करें, ताकि छात्रों की दक्षता में वृद्धि हो सके और इससे उन्हें बेहतर रोजगार मिल सके। मुख्यमंत्री ने कहा कि बैठक में जानकारी दी गई है कि पॉलिटेक्निक संस्थानों में अध्ययनरत छात्रों को डिप्लोमा शिक्षा के साथ-साथ संवाद कौशल एवं व्यवहार कौशल का प्रशिक्षण दिया गया है, जिससे उन्हें काफी फायदा हुआ है और इससे उनका बेहतर प्लेसमेंट हुआ है, यह खुशी की बात है।


मेगा स्किल सेंटर्स जल्द से जल्द खोले जाएं
नीतीश ने कहा कि मेगा स्किल सेंटर्स जल्द से जल्द खोले जाएं, ताकि नए कौशल का प्रशिक्षण पाकर अधिक से अधिक युवा रोजगार प्राप्त कर सकें। कुशल युवा केंद्रों एवं डीआरसीसी पर भी अन्य कार्यों की तकनीकी प्रशिक्षण की व्यवस्था करवाने के लिए आंकलन कराएं। उन्होंने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में भी विकास के कई कार्य किए गए हैं। इनसे जुड़े कार्यों के मेंटेनेंस की भी ट्रेंनिंग करवाएं।
पॉलिटेक्निक कॉलेजों में बनाएं सेंटर आफ एक्सिलेंस
मुख्यमंत्री ने कहा कि सभी पॉलिटेक्निक कॉलेजों में सेंटर आफ एक्सिलेंस बनाएं। हर विभाग से संबद्ध नई तकनीक के कोर्सेज को भी बच्चों को पढ़ायें। इंप्रुव्ड टेक्नोलॉजी को लेकर एक टीम बनाएं, जो नॉलेज के अपग्रेडेशन से अवगत रहे। अध्यापक नई टेक्नोलॉजी के प्रति अपडेट रहें ताकि बच्चों को कोर्सेस के साथ नवीन तकनीक की बेहतर जानकारी दे सकें।
इससे पहले समीक्षा बैठक में श्रम संसाधन विभाग के सचिव मिहिर कुमार सिंह ने आत्मनिर्भर बिहार के सात निश्चय पार्ट-2 के तहत विभाग से जुड़ी योजनाओं के संबंध में प्रस्तुतीकरण के साथ विभाग द्वारा किए जा रहे अन्य कार्यों के बारे में विस्तृत जानकारी दी गयी। वहीं विज्ञान एवं प्रावैद्यिकी विभाग के सचिव लोकेश कुमार सिंह ने सात निश्चय पार्ट-2 के तहत विभाग से जुड़ी योजनाओं के संबंध में प्रस्तुतीकरण दिया।
बैठक में विज्ञान एवं प्रावैद्यिकी मंत्री अशोक कुमार चौधरी, श्रम संसाधन मंत्री जीवेश कुमार, मुख्य सचिव दीपक कुमार, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव चंचल कुमार, श्रम संसाधन विभाग के सचिव मिहिर कुमार सिंह, मुख्यमंत्री के सचिव मनीष कुमार वर्मा, मुख्यमंत्री के सचिव अनुपम कुमार के साथ ही संबंधित विभाग के अन्य अधिकारी मौजूद थे।

