फतुहा : कोरोना से संक्रमित लोग हैं भगवान भरोसे
फतुहा। तीसरे दिन गुजरने के बाद भी फतुहा में पाए गए कुल 36 लोग भगवान भरोसे ही अपने अपने घरों में होम कोरोटाइन है। यहां तक कि उनकी सुध लेने वाला भी कोई नहीं है। सरकार के तरफ से भी उनकी देखरेख व इलाज हेतु कोई पहल नहीं की गई है। ऐसी स्थिति में संक्रमितों के परिजन जहां काफी आक्रोशित हैं, वहीं मुहल्लेवासी दहशत के माहौल में जीने को विवश हैं। संक्रमितों को न तो मेडिकल किट उपलब्ध कराए गए हैं और न ही स्वास्थ्य विभाग की कोई टीम उनके घर तक उनके परिस्थितियों को जानने के लिए पहुंचे हैं। स्थानीय पीएचसी के द्वारा उन्हें सिर्फ होम कोरेंटाइन की सलाह देकर छोड़ दिया गया है। जबकि हर संक्रमित को एक मेडिकल किट सरकार द्वारा उपलब्ध कराया जाना है। स्थानीय प्रशासन द्वारा आसपास के इलाके को भी सील नहीं किया गया है। जब इस सन्दर्भ में चिकित्सा प्रभारी डा. सुधा शंकर राय से पूछा गया तो उन्होंने बताया कि संक्रमितों के लिए उपर से फिलवक्त कोई सुविधा उपलब्ध नहीं कराया गया है। यदि कोरेंटाइन रहते उनके लिए कोई सुविधा आती है तो सभी को तुरंत मुहैया करा दिया जाएगा। वहीं बीडीओ मृत्युंजय कुमार ने बताया कि फतुहा के हाईस्कूल में संक्रमितों के कोरेंटाइन के लिए वरीय अधिकारी से विचार विमर्श किया जा रहा है। तब तक के लिए यदि कोई संक्रमित मरीज घर से अलग कोरेंटाइन में रहना चाहते हैं तो उनके लिए पटना सिटी स्थित कोरेंटाइन सेंटर भेजा जा सकता है। देखा जाए तो पूरी सरकारी व्यवस्था फतुहा के संक्रमितों के लिए उदासीनता की रवैया अपनाए हुए है। इस स्थिति में संक्रमित लोग भगवान भरोसे अपने जीवन के संकट को उबारने में लगे हैं। राजद नेता दयानंद यादव ने यथाशीघ्र फतुहा में आइसोलेशन वार्ड खोलने तथा संक्रमितों के परिजनों को यथाशीघ्र जांच करवाए जाने की मांग की है।


