सुप्रीम कोर्ट में मनीष कश्यप मामले की सुनवाई आज, सभी मुकदमों को एक जगह लाने की दी गई है याचिका
पटना। यूट्यूबर मनीष कश्यप की याचिका पर आज सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई है। इससे पहले जस्टिस संजय करोल और जस्टिस कृष्ण मुरारी की पीठ इस मामले को सुन रही है। दोनों जजों की पीठ ने इस मामले में तमिलनाडु सरकार और बिहार सरकार को नोटिस जारी कर जवाब तलब किया था। यूट्यूबर मनीष कश्यप तमिलनाडु में प्रवासी मजदूरों से हिंसा को लेकर फेक वीडियो वायरल करने के आरोप में तमिलनाडु पुलिस की गिरफ्त में हैं। इस संबंध में तमिलनाडु में एक केस भी दर्ज है। इस मामले में मनीष कश्यप सुप्रीम कोर्ट से मांग की है कि उनके ऊपर चल रहे केसों को एक साथ जोड़कर सुनवाई की जाए। मनीष कश्यप का केस वरिष्ठ अधिवक्ता सिद्धार्थ दवे लड़ रहे हैं। उन्होंने कहा कि बिहार और तमिलनाडु में कुल 5 मुकदमें दर्ज किए गए हैं। मनीष के अधिवक्ता ने अर्नवब गोस्वामी के केस का हवाला देते हुए कहा कि किसी एक अपराध को लेकर कई कार्रवाई नहीं हो सकती। इसीलिए मनीष ने याचिका में कहा है कि सभी आरोपों को एक जगह जोड़कर सुनवाई की जाए।
18 मार्च को मनीष ने किया था सरेंडर
मनीष कश्यप ने बिहार के बेतिया में जगदीशपुर ओपी में खुद को सरेंडर किया था। 18 मार्च की सुबह जब ईओ यू और पुलिस की टीम उनके घर को कुर्क करने पहुंची थी तब उन्होंने जगदीशपुर ओपी पहुंचकर खुद को पुलिस के हवाले कर दिया। पहले बिहार में ईओयू ने रिमांड पर लेकर उनसे पूछताछ की फिर मनीष कश्यप को लेकर तमिलनाडु पुलिस ने ट्रांजिट रिमांड पर लेकर अपने साथ निकल गई। मनीष कश्यप एक यूट्यूबर है। हाल के दिनों में कई वीडियो उनके सोशल मीडिया में वायरल हुए थे। यूट्यूब पर मनीष कश्यप की अच्छी फैन फॉलोइंग है। इनके समर्थन में खुद सोनू सूद ने उतरकर उन्हें अच्छा आदमी बताया है।


