Sun. Jul 21st, 2019

पटना नगर निगम-हार गए विनय कुमार पप्पू,उप मेयर के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव पास

पटना।पटना नगर निगम के उप मेयर विनय कुमार पप्पू के खिलाफ लाया गया अविश्वास प्रस्ताव पास हो गया। वर्तमान उप मेयर के खिलाफ 40 पार्षदों ने मतदान किया। 75 पार्षदों के पटना नगर निगम में 40 पार्षदों का विरोध मतदान होने के कारण अब विनय कुमार पप्पू उप मेयर नही रहे। ज्ञात हो कि आज पटना नगर निगम में वर्तमान उप मेयर विनय कुमार पप्पू के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाया गया था हालांकि कुमार पप्पू ने दावा किया था कि उनके खिलाफ लाया गया अविश्वास प्रस्ताव गिर जाएगा मगर उनके दावा के विपरित आज उनके खिलाफ लाया गया अविश्वास प्रस्ताव पारित हो गया।

पप्पू दावा कर रहे थे कि उन्हें पार्षदों ने पद पर बैठाया था और वे उन्हें इस पद पर बरकरार रखने में मदद करेंगे। अविश्वास प्रस्ताव लाने वाले पार्षदों के आरोपों में दम न होने का दावा भी डिप्टी मेयर गुट की ओर से किया जा रहा था।

उधर डिप्टी मेयर विरोधी गुट का साफतौर पर कहना है कि विकास कार्यों में बाधक बनने वालों को पद पर नहीं रहना चाहिए। इसलिए हमलोगों ने अविश्वास प्रस्ताव लाया है। पहले 42 पार्षदों ने अविश्वास प्रस्ताव से संबंधित पत्र पर हस्ताक्षर किए थे। हालांकि, अब डिप्टी मेयर ने दावा किया था कि इनमें से कई पार्षदों को बहलाकर हस्ताक्षर करा लिए गए थे। वे प्रस्ताव के विरोध में वोट करेंगे।

नगर निगम में राजनीतिक स्तर पर भी खेमेबाजी उभर कर सामने आई है। विनय कुमार पप्पू के खिलाफ आए अविश्वास प्रस्ताव पर बहस से पहले ही डिप्टी मेयर पद के दावेदारों के नाम भी सामने आने लगे थे। दो दावेदार तो अब मैदान में ताल ठोंकते भी दिख रहे हैं। वहीं कई और नाम उछल रहे हैं। हर कोई यह दावा कर रहा है कि अगर विनय कुमार पप्पू की कुर्सी के जाने के बाद तो उन्हें ही डिप्टी मेयर का अगला दावेदार बनाया जाएगा।

जिला प्रशासन ने अविश्वास प्रस्ताव पर हाेने वाले मतदान काे संपन्न कराने के लिए 6 सदस्यीय टीम की प्रतिनियुक्ति की गई थी। डीएम कुमार रवि ने कहा कि नगर आयुक्त के अनुराेध पर निर्वाचन प्रक्रिया की पूरी जानकारी रखने वाले उप निर्वाचन पदाधिकारी आर निलय के नेतृत्व मेंछह सदस्यीय टीम की प्रतिनियुक्ति की गई थी। सभी प्रतिनियुक्त अधिकारी और कर्मियाें काे मंगलवार की सुबह 10 बजे से बांकीपुर अंचल सभागार में उपस्थित रहने का निर्देश दिया गया था। वहीं, अपर जिला दंडाधिकारी सामान्य विनायक मिश्रा काे प्रेक्षक बनाया गया था। इलाके में धारा 144 लागू की गई है। पर्याप्त संख्या में दंडाधिकारी के साथ पुलिस बल काे प्रतिनियुक्त की गयी थी।